महिला के शरीर पर पीले रंग का सलवार सूट है। उसके दाहिने हाथ में अंग्रेजी में मोनू गुदा है। गले लालरंग का दुपट्टा कसा है जिससे गला घोटकर उसकी हत्या की गई है। नाक से खून निकल रहा था, इससे घटना देर रात या भोर पहर की होने की संभावना है। दोनों पैर में पायल और बिछिया पहने है और ताजा रंग (महावर) और हाथों में मेहंदी भी लगी है। गले में माला और कानों में बाले पहने है।
गले में निशान हत्या की ओर इशारा कर रहे
पुलिस के मुताबिक मृतक किसी मध्यमवर्गीय परिवार की है। महिला के शव के पास ही बच्ची का शव मिला, उसका भी गला घोंटने के निशान हैं। बच्ची काली टी शर्ट, हाफ पैंट और दोनों पैर में पायल पहने है। एसपी सिद्धार्थ शंकर मीना ने बताया कि चार टीमें बनाकर जल्द खुलासे के निर्देश दिए हैं। सीओ संतोष सिंह ने बताया कि शव कहीं से लाकर यहां फेंके गए हैं। गले में निशान हत्या की ओर इशारा कर रहे हैं। जल्द खुलासे का प्रयास किया जा रहा है।
टीमों ने शुरू की जांच
जांच टीम में शामिल एसओजी शरद कुमार, सविलांस टीम प्रभारी राधे श्याम, फील्ड यूनिट और हसनगंज कोतवाल को घटना के खुलासे में लगाया है। शव किसी ओर से आया इसके लिए टीमों ने एक्सप्रेसवे के दोनों ओर मटरिया टोल प्लाजा के पास आसपास गांवों के पंचायत घरों में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले हैं। लेकिन अभी तक पुलिस के हाथ कोई सुराग नहीं लगा है।
लखनऊ या हरदोई की तरफ से लाकर फेंकने की आशंका
एक्सप्रेसवे पर जिस स्थान पर महिला और बच्ची के शव मिले हैं। उसमें आरोपी आगरा और लखनऊ दाेनों ओर से आ सकते हैं। इसमें आगरा की ओर से आने वाली गाड़ी को तो कोई सर्विस लेन नहीं मिलेगी। लेकिन अगर कार सवार लखनऊ से आए होंगे तो बुद्धेश्वर के पास से सर्विस लेन पर गाड़ी उतारकर सीधे वह हसनगंज कोतवाली के तालासरांय गांव के अंडरपास के पास आकर फिर गाड़ी को एक्सप्रेसवे पर चढ़ाकर शव फेंककर जा सकते हैं। शव मिलने के स्थान से अंडरपास की दूरी करीब 700 मीटर है। यही नहीं ताला सरायं गांव के आगे एक अंडरपास शाहपुर तोंदागांव के पास है। उसकी घटनास्थल से दूरी करीब एक किलोमीटर है। इस रेंज में कोई सीसीटीवी भी नहीं है और टोलप्लाजा का भी कोई डर नहीं है।
घटनास्थल से 250 मीटर दूरी पर एक मकान
एक्सप्रेसवे पर जिस स्थान पर शव पड़े मिले हैं। वहां से करीब 250 मीटर दूर एक मकान बना हुआ है। उसमें छोटी सी दुकान भी है। पुलिस ने वहां भी जाकर पूछताछ की। लेकिन मकान स्वामी ने किसी को शव फेंकते हुए देखने से इन्कार किया है। पुलिस लखनऊ से आगरा तक पड़ने वाले टोल की सीसीटीवी फुटेज और आसपास दुकानों में लगे सीसीटीवी खंगालने की बात कह रही है।
प्रेम प्रसंग और ऑनर किलिंग के बिंदु पर भी जांच
मृतका, पीले रंग का नया सलवार सूट पहने है, दोनों पैरों में ताजी महावर और हाथों में मेहंदी भी लगी है। इससे अनुमान है कि मृतका किसी विवाह या किसी मांगलिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए निकली थी या परिवार में कोई कार्यक्रम था। उसके हाथ में अंग्रेजी में मोनू लिखा है। पुलिस को शक है कि यह नाम उसका या उसके किसी खास का हो सकता है। बच्ची भी नए कपड़े पहने है। पुलिस सूत्रों के अनुसार महिला और बच्ची की हत्या प्रेम प्रसंग या संपत्ति के लालच में की जा सकती है। हो सकता है कि घटना ऑनर किलिंग हो।