एक मशीन पांच घंटे में तैयार करती 15 हजार पाउच
मशीनों पर सरकार इसलिए निगरानी बढ़ा रही है ताकि कर चोरी खत्म की जा सकी। दरअसल, एक मशीन यदि पांच घंटे तक लगातार चलती है तो 15 हजार पाउच तैयार होते हैं। इससे जुड़े कारोबारी कई शिफ्टों में माल तैयार करते हैं या फिर आर्डर के अनुरूप लगातार मशीनें चलवाते हैं, लेकिन कारोबारी आंकड़ों में हमेशा कम मशीन चलना दिखाता है। इसके चलते तैयार और कच्चा माल, पैक माल में भी कर चोरी की जाती है।
ट्रांसपोर्टरों, कारोबारियों और वाहन पास कराने वालों का गठजोड़
पान-मसाला कारोबारी ट्रांसपोर्टरों के साथ मिलकर इस कारोबार में लगे हुए हैं। माल लदे वाहनों को एक शहर से दूसरे शहर में पहुंचाने के लिए पासरों को ठेका दिया जाता है। जो जीएसटी, पुलिस विभाग से बचाकर माल कारोबारी तक पहुंचाते हैं। इस नई व्यवस्था से गठजोड़ भी खत्म होगा। मशीनों की निगरानी बढ़ने के बाद विभाग केस्को या बिजली कंपनी से डाटा मंगाकर कारोबारी का उत्पादन जांच सकेगा। इससे कर चोरी रोकने में मदद मिल सकेगी।