कानपुर देहात। मंगलपुर थाना क्षेत्र के अलियापुर में अप्रैल 2022 में युवक की हत्या की गई थी। इस मामले में मृतका की पत्नी व उसके प्रेमी के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था। मामले की सुनवाई एडीजे-6 की अदालत में चल रही थी। बुधवार को अदालत ने पत्नी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
मंगलपुर थाना क्षेत्र के अलियापुर निवासी मधु ने 24 अप्रैल 2022 को पिता संतोष कुमार की हत्या किए जाने के आरोप में मां उर्मिला व पड़ोसी सुनील के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें बताया कि उसके पिता चार दिन से लापता है। पड़ोसी सुनील व उसकी मां उर्मिला गायब है। सुनील के घर से घर से बदबू आ रही है। पुलिस ने ताला तोड़ कर घर में छानबीन की तो संतोष का शव पालिथिन में लिपटा हुआ मिला। मधू की तहरीर पर पुलिस ने सुनील व उर्मिला के खिलाफ हत्या, साक्ष्य छिपाने की धारा में मुकदमा किया।
पुलिस ने दोनों आरोपियों को तीन नवंबर 2022 को मंगलपुर तिराहे के पास से गिरफ्तार किया। पुलिस पूछताछ में सुनील ने बताया था कि संतोष की पुत्री मधु की 17 अप्रैल को गोद भराई उसके साले के घर मोहाना में थी। यहां पर वह भी गया था। गोद भराई कार्यक्रम के बाद सुनील व संतोष लौट आए। जबकि परिवार के अन्य सदस्य वहीं बने रहे। मधु की गोद भराई से वापस आने के बाद संतोष को शराब पिलाने व हाथ पैर बांध कर मुंह में कपड़ा ठूंस कर हत्या कर दी। इसके बाद उसने उर्मिला को जानकारी दी थी। पुलिस जांच में उर्मिला व सुनील के बीच संबंध होने की जानकारी हुई। पुलिस ने दोनों के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में पेश किए।
इस मामले की सुनवाई एडीजे-6 दुर्गोश की अदालत में चल रही थी। एडीजीसी विवेक त्रिपाठी ने बताया कि मामले में सुनवाई के दौरान आरोपित सुनील की मौत हो गई थी। इसके चलते उसकी पत्रावली प्रथक कर उर्मिला के मामले में सुनवाई चली। बताया कि वादी मृतक की पुत्री मधू व उसके बेटे दीपक के साथ ही अन्य गवाहों के बयानों व पुलिस विवेचना के आधार पर अदालत ने सुनवाई की। अभियोजन तथा बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद अदालत ने आरोपी उर्मिला को पति की हत्या का दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।इसके साथ ही उसपर 70 हजार रुपये जुर्माना भी किया। जुर्माना अदा न करने पर एक साल सात माह के अतिरिक्त कारावास का आदेश किया गया है।