कानपुर। सिविल लाइंस स्थित सर पदमपत सिंहानिया ऑडिटोरियम में मंगलवार को शिक्षामित्र सम्मान समारोह हुआ। प्रभारी मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने सरकार की नीतियों, हिंदू हित और समावेशी विकास पर बात कही। उन्होंने कहा कि जो हिंदू हित की बात करेगा वही देश में राज करेगा। सरकार समाज को एक सूत्र में पिरोने की नीति पर काम कर रही है। इस दाैरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ऑनलाइन संबोधन भी प्रसारित हुआ।
मंत्री उपाध्याय ने कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों ने शिक्षामित्रों को 3500 रुपये वेतन दिया था। वर्तमान सरकार ने मानदेय बढ़ाकर 18 हजार रुपये किया है। मुख्यमंत्री ने शिक्षामित्रों के लिए पांच लाख रुपये तक की कैशलेस चिकित्सा सुविधा योजना की घोषणा की।
डायट प्राचार्य संतोष कुमार राय ने बताया कि प्रदेश में शिक्षा गुणवत्ता सुधारने में शिक्षामित्रों की भूमिका अहम रही है। निपुण भारत मिशन की सफलता में उनका योगदान साफ दिखता है। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष स्वप्निल वरुण, महापौर प्रमिला पांडेय, विधायक नीलिमा कटियार, सरोज कुरील, सुरेंद्र मैथानी, जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह, सीडीओ अभिनव जे जैन और बीएसए सुरजीत कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।
इन्हें शिक्षामित्रों को सौंपा डमी चेक
ककवन के दुष्यंत सिंह यादव, बिल्हौर के सुरेंद्र सिंह, शिवराजपुर की रंजना, चौबेपुर की स्मृति मिश्रा, कल्याणपुर की बबीता कुरील, सरसौल के विनय कुमार तिवारी, भीतरगांव की रंजना, पतारा की पूजा सिंह, बिधनू के हेमंत अवस्थी, घाटमपुर की सोनी भदाैरिया, नगर के त्रिभुवन व विवेक।