कानपुर में रहने वाले दोस्त के घर गए थे तीनों
पिता के मुताबिक, शनिवार को वापसी थी। गुरुवार शाम पांच बजे वेदप्रकाश अपनी भतीजी आरू को गांव के साथी सुरेश और राजकुमार के साथ कार से शुक्लागंज निवासी रिश्तेदार के घर छोड़ने गया था। भतीजी को छोड़ने के बाद तीनों कानपुर में रहने वाले दोस्त के घर गए।
डेढ़ बजे फोन मिलाया, तो बंद मिला
पिता के मुताबिक रात नौ बजे बेटे से फोन पर लौटने की बात हुई, लेकिन वह घर नहीं आया। देर रात डेढ़ बजे फोन मिलाया, तो बंद मिला। उसके दोस्त सुरेश को फोन मिलाया, तो उसने गांव से डेढ़ किलोमीटर दूर पड़ोसी रामनरेश पाल के खाली घर में रुकने की बात बताई।
पिता ने हत्या का लगाया आरोप
शुक्रवार सुबह वेदप्रकाश का शव घर के बाहर चारपाई पर लहूलुहान हालत में मिला। सबसे पहले रामनरेश के छोटे भाई सेन ने शव देखा , तो उसने साथ सोए राजकुमार को बताने के साथ मृतक के पिता को जानकारी दी। पिता ने बेटे की हत्या की बात कही।
तीनों छत पर सोए थे, रात में शराब भी पी थी
एएसपी प्रेमचंद्र, सीओ सफीपुर मधुपनाथ मिश्र के साथ माखी, सफीपुर और आसीवन पुलिस ने फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचकर जांच की। पुलिस ने मृतक के साथी राजकुमार और पड़ोसी सहित तीन को हिरासत में लिया है। राजकुमार ने बताया कि हम तीनों छत पर सोए थे। रात में शराब भी पी थी।
तीन को हिरासत में लेकर पूछताछ जारी
वेदप्रकाश नीचे कब आया और साथी सुरेश कब चला गया पता नहीं चला। मृतक दो भाइयों में बड़ा था। छोटा भाई पारस आइटीबीपी में है। मौजूदा समय में छत्तीसगढ़ के रायपुर में तैनात है। मां गायत्री, पत्नी रामरानी हैं। नौ माह की बेटी है। एसपी दीपक भूकर ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। मृतक के साथी सहित तीन को हिरासत में लेकर पूछताछ चल रही है।