फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एकसाथ विदाई के तीन बहनों ने देखे सपने, शादी के दिन दो का मंडप रह गया सूना

Tue, 04 Jul 2017 04:12 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
डेमो
विज्ञापन
एक बाप ने अपनी तीन बेटियों की शादी तय की। तीनों बहनों की बारात दहलीज तक तो आई लेकिन दो के मंडप सूने रह गए। तीनों बहनों ने साथ-साथ खुशी से बाप के घर से डोली उठने के सपने सजा रखे थे लेकिन... 
विज्ञापन


 

डेमो
दो दुल्हनों की बारात बिन ब्याहे वापस लौट गई। यूपी के फर्रुखाबाद के शमसाबाद थाना क्षेत्र के गांव बबुरापुर निवासी पातीराम ने अपनी तीन बेटियों की शादी पड़ोसी जिला कन्नौज के कोतवाली छिबरामऊ के गांव बबुरापुर से तय की थी। उनकी बेटी मालश्री की बारात लेकर प्रदीप पुत्र सुघर सिंह, हंसमुखी की बारात अमित पुत्र अर्जुन सिंह और रूबी की बारात विपिन पुत्र कुंवर सिंह को लानी थी। पातीराम का कहना है कि तीनों बारातें गांव बबुरापुर से एक साथ रवाना हुईं।

 

डेमो
अमित और विपिन बारात लेकर जहानगंज में रुक गए। इन दोनों ने जब प्रदीप से बाइक मिलने की बात पूछी तो प्रदीप ने बाइक न मिलने की जानकारी दी। अमित और विपिन जहानगंज तक बारात लेकर आ गए थे। लेकिन जब ये बात पता चली तो वहीं से वापस लौट गए, जबकि मालश्री की शादी प्रदीप के साथ धूमधाम से संपन्न हुई। बारात वापस लौटने के बाद हंसमुखी और रूबी ठगी-ठगी सी रह गईं।

 
विज्ञापन

डेमो
इनके लिए अलग-अलग बनाए गए मंडप सूने रह गए और मालश्री शादी के बाद अपने पीया के घर चली गई। इस मामले की शिकायत इन तीनों बेटियों के पिता पातीराम ने थानाध्यक्ष शमसाबाद से की।

थानाध्यक्ष शमसाबाद ने छिबरामऊ कोतवाली के माध्यम से अमित और विपिन के पिता से संपर्क किया। इन दोनों ने पुलिस को भी चकमा दे दिया। कहा कि वह बारात लेकर आ रहा है लेकिन बारात लेकर नहीं आया। थानाध्यक्ष वीरपाल सिंह तोमर ने बताया कि मामले की सूचना मौखिक रूप से मिली है। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट लिखकर कार्रवाई की जाएगी।




 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें