कानपुर। किराया वसूल कर टिकट न देने पर इलेक्टि्रक बस का संविदा परिचालक को पकड़ा गया है। बस में 40 सवारियां थीं, जिनमें से 18 बेटिकट थे और 22 की ही टिकट बनाई थी। आरोपी परिचालक की सेवाएं समाप्त करने की कार्रवाई की जा रही है।
सोमवार को बिंदकी से सवारियां भरकर सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेस लिमिटेड की ई-बस संख्या यूपी-78 एचएन 4336 अहिरवां डिपो के लिए चली। परिवहन विभाग के वरिष्ठ संचालन पर्यवेक्षक राजीव कुमार, संचालन पर्यवेक्षक आसिफ हुसैन सिद्दकी ने टीम के साथ संजीवनगर के पास इस बस को रोका।
टीम ने बस परिचालक शिवम कुमार की मशीन लेकर जांच की तो उसमें 18 टिकट कम कटी मिलीं। गिनती में 40 सवारियां थी, लेकिन टिकट सिर्फ 22 की काटी गई थी। सवारियां ने बताया कि परिचालक ने किराया तो लिया, लेकिन टिकट नहीं दी। सवारियों को अहिरवां डिपो तक आना था।
बिंदकी से यहां तक का किराया प्रति व्यक्ति 50 रुपये है। इस पर टीम ने मशीन जब्त कर अधिकारियों को सूचना दी। राजीव कुमार ने बताया कि बस चालक पर अहिरवां डिपो से बिंदकी तक की पैनाल्टी प्रति सवारी 65 रुपये के हिसाब से लगाई गई है।
आरोपी संविदा परिचालक शिवम पर पहले भी आरोप लग चुके
फतेहपुर डिपो के संविदा परिचालक मनोज सिंह ने हाल में सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक को शिकायती पत्र दिया था। आरोप लगाया था कि 18 मई को रामादेवी से शिवम व उसके सात साथी स्टाफ बताकर बस में बैठ गए। बाद में जब मुरादीपुर स्टापेज के पहले बस को निरीक्षण दल ने रोका और चेकिंग की तो शिवम व उसके साथी उल्टा मनोज पर पांच सौ रुपये लेकर टिकट न काटने का आरोप लगाने लगे।
ई-बस में किराया लेकर टिकट न देने का मामला पकड़ा गया है। संविदा पर तैनात आरोपी बस परिचालक को नौकरी से हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
-रजनीश राजपूत, मुख्य संचालन अधिकारी, केसीटीएसएल