पुलिस कर्मियों ने व्यापारियों को बहुत समझाया कि जो गलत है उसे तोड़ा जाएगा। वहीं, व्यापारी को डर इस बात का था कि यदि कांच के दरवाजे पर बुलडोजर का पंजा चल गया, तो उसके सपने और रोजी का साधन भी कांच की तरह बिखर जाएगा। करीब 10 मिनट तक व्यापारी बिलखता रहा, जिस पर बुलडोजर ने नाले के पार बनाए गए चबूतरे के हिस्से को तोड़ा। वहीं, अधिकारी जल्द पक्की सीढ़ी हटाने का निर्देश देकर आगे बढ़ गए।
मुझे अब कोई बात नहीं करनी
इस मामले को लेकर व्यापारी का कहना है कि उसे अब इस विषय पर कोई बात नहीं करनी है। प्रशासन ने चबूतरा तोड़ा है। उसे उस समय जो समझ में आया वह उसने किया। दुकान चली जाती, तो सब कुछ बिखर जाता।