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शिक्षक भर्ती घोटाला: पूर्व डीआईओएस को गिरफ्तारी से राहत, अग्रिम जमानत अर्जी मंजूर

Sat, 03 Aug 2024 01:04 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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फर्जी शिक्षक भर्ती मामले में आरोपी पूर्व डीआईओएस मुन्नी लाल को गिरफ्तारी से राहत मिल गई है। अपर जिला जज 16 ने मुन्नीलाल की अग्रिम जमानत अर्जी मंजूर कर ली है। पुलिस को गिरफ्तारी की स्थिति में दो लाख की दो जमानतें व निजी बंधपत्र दाखिल करने पर मुन्नीलाल को रिहा कर देने के आदेश दिए गए हैं। मामले में जेल भेजे गए पांच आरोपियों की जमानत अर्जी कोर्ट ने खारिज कर दी है। एक अन्य आरोपी की अग्रिम जमानत अर्जी भी खारिज हो गई है।

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शिक्षक भर्ती घोटाले में कर्नलगंज थाने में धोखाधड़ी व कूटरचना आदि के मामले में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। मुन्नीलाल के अधिवक्ता विभोर सचान व राघवेश सिंह ने कोर्ट में तर्क रखा कि जब-जब मुन्नीलाल को पूछताछ के लिए बुलाया गया, वह हाजिर हुए। अपना लिखित बयान दर्ज कराया। मामले में कई बड़े अफसरों की संलिप्तता होने के कारण मुन्नीलाल को झूठा फंसाया जा रहा है। मुन्नीलाल सेवानिवृत्त हो चुके हैं और बीमार रहते हैं। केस डायरी में मुन्नीलाल के किसी भी बैंक खाते में किसी तरह के लेनदेन का उल्लेख नहीं है।

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मुन्नीलाल का कहना है कि पटल सहायक सुनील कुमार ने घर बुलाकर उनसे फर्जी शिक्षकों का नियुक्ति पत्र तैयार करवाया और अवैध धन लाभ अर्जित किया। मुन्नीलाल की ओर से लगभग एक माह पहले अग्रिम जमानत अर्जी दाखिल की गई थी। वहीं सुनील कुमार की ओर से भी अग्रिम जमानत अर्जी दाखिल की गई थी जो खारिज हो गई है। मामले में जेल भेजे गए लालजी सिंह, अभिनव त्रिपाठी, दिनेश कुमार पांडे, शिवम कुमार विश्वकर्मा, हरेंद्र पांडे ने रिहाई के लिए जमानत अर्जी दाखिल की थी लेकिन कोर्ट ने केस डायरी में मिले साक्ष्यों और अपराध की गंभीरता के आधार पर पांचों आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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