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जानें, मुजम्मिल उर्फ जीशान कैसे बना ‘आतंकवादी गाजी बाबा’

Thu, 27 Apr 2017 08:24 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
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गाजी बाबा
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जालंधर में पकड़े गए खुरासान मॉड्यूल के आतंकी गाजी बाबा उर्फ मुजम्मिल उर्फ जीशान काफी शातिर है। वह दो साल से जालंधर में ही था, लेकिन परिजनों को उसके सही ठिकाने का पता नहीं था। पिता का कहना है कि चार माह पूर्व वह जालंधर में सीटी स्कैन सेंटर में जांच कराने गया था, वहीं जीशान रुपये देने आया था। उधर, एटीएस जीशान का कानपुर कनेक्शन भी तलाश रही है। एटीएस टीम ने बुधवार को जाजमऊ, बेकनगंज समेत छह इलाकों में दबिश देकर तीन संदिग्ध युवकों से पूछताछ की। 
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रसूलाबाद में है गाजी बाबा का पैतृक मकान

रसूलाबाद कस्बा स्थित जीशान का पैतृक मकान - फोटो : अमर उजाला
जीशान उर्फ गाजी बाबा मूल रूप से उन्नाव आसीवन थानाक्षेत्र के रसूलाबाद कस्बा का निवासी है। उसके दो मकान हैं। पुराना मकान कस्बा के फिरोज नगर में है। दो साल पहले  तीन मंजिला बनाया है। पहले मकान कच्चा था। दूसरा मकान कस्बा के अटलनगर में सात साल पहले खरीदा था। अमर उजाला टीम बुधवार को जीशान के घर पहुंची। यहां पिता दिलशाद से मुलाकात हुई। पिता ने बताया कि उसके सात बच्चे हैं। तीन बेटियों का निकाह हो चुका है। बड़ा बेटा अंसार करीब छह साल से दुबई में है। छोटा बेटा अफसार कानपुर में पढ़ता है। जीशान उर्फ मुजम्मिल दो साल पहले जालंधर गया था। वह वहां गुरुद्वारा के पास एक दुकान में कपड़ों की सिलाई का काम करने लगा था। बाद में वह दूसरी दुकान पर काम करने की बात कहकर चला गया था। पिता दिलाशद के मुताबिक वह 18 साल पहले जालंधर गए थे।
 
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जीशान कभी नहीं बताता था कि वह कहां रह रहा

रिश्तेदार से फोन पर बात करते जीशान के पिता दिलशाद - फोटो : अमर उजाला
शुरू में जालंधर के कपुरथला में गमला बनाने का काम करता था। बाद में कमरावां में गुरुद्वारा के पास रहने लगा। पिता के मुताबिक जीशान कभी नहीं बताता था कि वह कहां रह रहा है। बताया कि करीब चार महीने सीटी स्कैन सेंटर में जीशान पहुंचा था और इलाज के लिए रुपये दिए थे। बताया कि हार्निया का इलाज कराने के लिए वह अपने गांव रसूलाबाद आ रहे थे। बस में बैठ चुके थे तब पता चला कि जीशान को एटीसएस ने गिरफ्तार कर लिया है। पिता का कहना है कि वह बस की टिकट ले चुके थे और बस चल चुकी थी इसलिए रुक नहीं सका। बेटा आतंकी है इस सवाल पर पिता दिलशाद का कहना है कि हो सकता है गलत संगत में पड़ गया हो। उन्होंने बताया कि अगर उनके बेटे ने गुनाह किया है तो उसे सजा भी मिलनी चाहिए।
बाहर से आने-जाने वालों पर खुफिया नजर
खुफिया व पुलिस टीमें ऐसे लोगों खासकर युवाओं को चिह्नित कर रही है जो कुछ वर्ष पहले विदेश या दूसरे प्रदेशों में रह रहे हैं और यहां आना-जाना रहता है। 
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