फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सपा ने अपने ही गढ़ में फतह हासिल करने के लिए टिकट काटे, फिर मिला ये सिला

Sat, 11 Mar 2017 10:13 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
विज्ञापन
हार के बाद अखिलेश का मुर्झाया चेहरा तो अपनी जीत पर खिल उठे शिवपाल
विज्ञापन
सपा ने अपने ही गढ़ में फतह हासिल करने के लिए विधायकों के टिकट काट दिए लेकिन ये काम नहीं आया। जिले में एकमात्र जिस जसवंतनगर सीट पर सपा को विजय मिली। वह जीत भी वहां के सिटिंग विधायक शिवपाल सिंह यादव ही दिला सके।
विज्ञापन


सपा विधायकों के टिकट काटना भी पार्टी के लिए घातक रहा। जिस तरीके से सपा में घटनाक्रम चला था जिसमें शिवपाल सिंह यादव ने जनपद के तीनों सीटों से घोषित किए गए प्रत्याशियों में उनके अलावा अन्य दोनों सिटिंग विधायक रघुराज सिंह शाक्य व सुखदेवी वर्मा के नाम शामिल थे। अचानक बदले

घटनाक्रम में सपा की कमान अखिलेश पर आ गई तो दोनों ही विधायकों रघुराज सिंह शाक्य व सुखदेवी के टिकट काट दिए गए। टिकट कटने के बाद दोनों ही विधायक सपा से अलग होकर मुलायम के लोग संगठन में आए और सपा के प्रत्याशियों के खिलाफ लामबंद हो गए। परिणाम ये हुआ कि सपा को इटावा व भरथना सीटों से पराजय का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन


परिणाम से टिकट कटने वाले विधायक दिखे खुश
जनपद की इटावा व भरथना सीट के लिए हुई मतगणना पर सपा के  टिकट से वंचित दोनों ही विधायकों की नजर लगी रही। शुरू-शुरू में जब सपा प्रत्याशी बढ़त बनाते दिखे तो वे चिंतित हुए लेकिन अंतत: परिणाम आया तो उनके चेहरे खिल उठे।

इटावा से सपा के विधायक रहे रघुराज सिंह शाक्य व भरथना से सपा की विधायक सुखदेवी वर्मा टिकट कटने के बाद अपने-अपने क्षेत्रों में सपा प्रत्याशियों के खिलाफ लामबंद हो गए थे। आज जब मतगणना हुई तो दोनों ही की नजरें परिणाम पर टिकी रहीं। इटावा विधानसभा सीट से तो कुछ चरणों के बाद सपा पीछे होती गई और रघुराज सिंह शाक्य के चेहरे पर मुस्कान साफ दिखने लगी। मगर भरथना की सीट का परिणाम अंतिम चरणों में बदला। बहरहाल इटावा व भरथना से सपा की पराजय से उनके ही दल से रहे दोनों विधायक खुश दिखे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें