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छह साल के बच्चे को हुई खतरनाक बीमारी, इलाज के लिए दो करोड़ की दरकार

Fri, 12 Jul 2019 11:20 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, इटावा
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मां की गोद में बीमारी से पीड़ित देव - फोटो : अमर उजाला
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इटावा में एक छह वर्षीय बच्चे को हंडर सिंड्रोम नामक अजीब बीमारी हो गई है। दिल्ली एम्स ने विदेशी वैक्सीन से इलाज की सलाह देकर करीब दो करोड़ का एस्टीमेट बनाया है। इतनी बड़ी धनराशि जुटाना परिवार के लिए संभव नहीं है। सवा साल से सामान्य इलाज चल रहा है। इलाज में खेती की जमीन और ट्रैक्टर तक बिक चुका है। 

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सरैया गांव निवासी जगत सिंह के दो बेटे देव (6), बंटू (1) और एक बेटी गौरी (8) है। जगत ने बताया कि तीन साल पहले देव को सर्दी, जुकाम के साथ हाथ पैर में जकड़न की शिकायत हुई थी। मां मंजू सिंह ने बताया कि पहले इटावा फिर मिनी पीजीआई सैफई में दिखाया। फायदा न होने पर कानपुर फिर लखनऊ में जांच कराई।

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सरैया के छह वर्षीय बच्चे को हंडर सिंड्रोम बीमारी, विदेश से आएगी दवा

लखनऊ में जांच के बाद बच्चे को एम्स दिल्ली रेफर कर दिया गया। पिछले साल मई में एम्स में हुई जांच में बच्चे को हंटर सिंड्रोम नामक बीमारी से ग्रसित बताया गया था। एम्स से इलाज का एक एस्टीमेट भी बनाया गया है। इसमें एक साल के इलाज का खर्च 1,92,77,648  रुपये बताया था। इसमें एक इंजेक्शन की कीमत 168540.30 रुपये बताई गई थी।

पैसे के अभाव मेें परिजन विदेशी दवा से इलाज नहीं करा पा रहे हैं। सवा साल से बच्चे का सामान्य इलाज ही चल रहा है। जगत सिंह ने बताया कि बच्चे के इलाज के लिए मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से पांच लाख रुपये मिले थे। इसके अलावा इलाज में पांच बीघा खेती और एक ट्रैक्टर बिक चुका है। जगत ने बताया कि बच्चे के सिर की हड्डी बढ़ने लगती है।

इसके अलावा हाथ पैर व शरीर की अन्य हड्डियां भी अकड़ जाती हैं। दवा लेने पर राहत मिल जाती है, दवा बंद होते ही फिर दिक्कत बढ़ जाती है। इस संबंध में सीएमओ डॉ. अनिल अग्रवाल ने कहा कि इस बीमारी की मुझे जानकारी नहीं है। हां बच्चे के बारे में सुना जरूर है। मेडिकल कॉलेज या एम्स में ही बीमारी और इलाज की जानकारी मिल सकती है।
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