एसआईटी ने 1984 सिख दंगों की जांच शुरू कर दी है। आईपीएस बालेंदु भूषण सिंह ने शुक्रवार को कानपुर में एसपी एसआईटी का कार्यभार ग्रहण कर लिया। वह एसएसपी अनंत देव से मिले। उन्हें मामले से जुड़े दस्तावेज सौंप दिए गए हैं। छह माह में जांच पूरी कर एसआईटी अपनी रिपोर्ट शासन को सौंपेगी।
दंगों के दौरान शहर में 127 सिखों का कत्ल और लूटपाट हुई थी। इस मामले में 1254 एफआईआर दर्ज हुई थीं। विवेचकों ने 153 मामलों में आरोप पत्र और 1101 में फाइनल रिपोर्ट दाखिल की थी। अखिल भारतीय सिख दंगा पीड़ित राहत कमेटी के अध्यक्ष कुलदीप सिंह भोगल और दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के तत्कालीन अध्यक्ष मंजीत सिंह ने बंद किए गए इन मामलों की पुन: जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका दायर की थी। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को एसआईसी गठित कर जांच कराने के आदेश दिए थे।