जिला प्रशासन की ओर से घोषित बंदी दूसरे सप्ताह ही धड़ाम हो गई। शनिवार को
कस्बे की अधिकांश दुकानें खुली रहीं। ंदुकान बंद किए लोगों ने खुली दुकानें
देखकर आक्रोश जताया।
उधर, व्यापारियों ने उपजिलाधिकारी से साप्ताहिक बंदी
में सभी दुकानें बंद रखवाने की मांग की है।
बताते चलें कि जिला प्रशासन
ने सभी कस्बों में बाजार बंदी का दिन निर्धारित कर रखा है। बिना पूर्व
सूचना के व्यावसायिक प्रतिष्ठान खोलकर लेनदेन करने वाले व्यापारियों के
खिलाफ आर्थिक दंड का प्राविधान है।
जिलाधिकारी मासूम अली सरवर ने बाजार
बंदी को हरहाल में लागू किए जाने के निर्देश दिए थे। शनिवार को बाजार बंदी
के दिन अधिकांश खुली दुकानें तहसील प्रशासन को मुंह चिढ़ाती नजर आईं।
व्यापारियों ने जिला प्रशासन के नियमों की अनदेखी कर अपनी दुकानें खुली
रखी। दुकान बंद किए अन्य व्यापारियों में रोष है।
व्यापारियों का कहना है
कि शीघ्र बाजार बंदी सफल न कराई गई तो वह नुकसान नहीं सहेंगे और अपनी
दुकानें भी खोलेंगे। वहीं कुछ व्यापारियों ने तहसील प्रशासन से सभी दुकानें
बंद कराए जाने की मांग की है।
उपजिलाधिकारी सदर हरिहर राम ने बताया कि
बाजार बंदी के दिन दुकानें खुली पाए जाने पर कार्रवाई होगी। सभी व्यापारी
बनाए गए नियमों का पालन करेंगे।