आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) कानपुर इकाई ने सोमवार को सिंचाई विभाग के रिटायर्ड चपरासी रामसनेही यादव को गिरफ्तार किया। आरोपी पर फर्जीवाड़ा कर नलकूप खंड प्रथम निराला नगर के सात कर्मचारियों के ग्रेज्युटी का 40.18 लाख रुपये गबन करने का आरोप है। इसमें विभाग के पूर्व वरिष्ठ लिपिक सहित पांच आरोपी पहले ही जेल जा चुके हैं।
ईओडब्ल्यू एसपी राम बाबू के मुताबिक 2010 में विभाग के तत्कालीन अधिशासी अभियंता पीके वर्मा ने एफआईआर दर्ज कराई थी। जांच में खुलासा हुआ था कि विभाग के पूर्व वरिष्ठ लिपिक आलोक प्रसाद सक्सेना ने गुजैनी निवासी विभाग के चपरासी रामसनेही यादव की मदद 2006 से 2009 के बीच सात कर्मचारियों के ग्रज्युटी की रकम फर्जीवाड़ा कर रिश्तेदारों के खाते में 40.18 लाख की चेकों का भुगतान करवा लिया।