अमिन्या ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान इस विषय पर पेंटिंग बनाने का ख्याल दिमाग में आया था। इसके बाद उन्होंने स्कूल में पढ़ने वाले कक्षा नौ के आदित्य चंद, कक्षा 11 के तरंग पांडेय, कक्षा आठ की शुभी शर्मा, कक्षा नौ की इशिता और कल्पना के साथ कई पेंटिंग तैयार कीं। पेंटिंग में पंचतत्वों के प्रदूषण से शरीर में बढ़ रहे दुष्प्रभाव का उकेरा गया। उन्होंने बताया कि पीएम ने इन पेंटिंग्स को गंभीरता से देखा और दुष्प्रभाव फैलने के बारे में जानकारी भी ली। अमिन्या शहर से इस कार्यक्रम में जाने वाली इकलौती छात्रा हैं। सचेंडी के चकरपुर की रहने वाली अमिन्या के पिता ब्रह्मवीर सिंह, मां किरन सिंह हैं। एक छोटी बहन अनुषा और छोटा भाई अजितेश है।
कला शिक्षक अजय उपासिनी के निर्देशन में उन्होंने पेंटिंग्स तैयार की हैं। बता दें कि कार्यक्रम के एक सत्र में पीएम ने प्रदर्शनी में बच्चों की पेंटिंग्स देखीं और दूसरे सत्र में छात्रों को संबोधित किया।
अमिन्या को पीएम से बात करता देख बज उठीं तालियां
नवोदय विद्यालय, सरसौल में कार्यक्रम का ऑनलाइन प्रसारण किया गया। अमिन्या जैसे ही पीएम से मुखातिब हुईं तो पूरा हॉल छात्रों की तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। प्रधानाचार्य डॉ. एसके मिश्रा ने बताया कि पेंटिंग्स के लिए पूरे देश से मात्र दो नवोदय विद्यालयों का ही चयन हुआ था।
विभिन्न शिक्षण संस्थानों में भी हुआ प्रसारण
शहर के सभी केंद्रीय विद्यालयों, छत्रपति शाहू जी महाराज यूनिवर्सिटी व अन्य स्कूूलों में भी छात्रों ने कार्यक्रम का सजीव प्रसारण देखा। केंद्रीय विद्यालयों में कार्यक्रम समाप्त होने के बाद छात्रों से पूछा गया कि आपको इस कार्यक्रम से क्या प्रेरणा मिली, इस पर छात्रों ने अपनी-अपनी राय रखी।