जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रही एक महिला के लिए पुलिस फरिश्ता साबित हुई। पुलिस ने महिला को अस्पताल पहुंचाकर जिंदगी बचा ली। एसपी ने पुलिस टीम को पुरस्कृत करने के लिए कहा है।
इटावा के जसवंतनगर थानाक्षेत्र के गांव नगला राम सुंदर निवासी मनीष कुमार ने करीब छह वर्ष पूर्व बहन रीना देवी की शादी सदर कोतवाली के दंदौरा बुजुर्ग में रहने वाले परमार सिंह के साथ की थी। मनीष ने बताया कि शुक्रवार रात रीना देवी का पति से विवाद हो गया। इसके बाद जहर खा लिया।
हालत बिगड़ने पर रीना देवी तड़पने लगीं। पति अस्पताल नहीं ले गया। पड़ोसियों ने भाई मनीष सिंह को फोन से जानकारी दी। मनीष ने इटावा से यूपी 112 डायल कर पुलिस को मामले से अवगत कराया। आठ मिनट में पीआरवी 1648 के मुख्य आरक्षी विनोद कुमार, सिपाही वीरेंद्र कुमार और होमगार्ड रघुनाथ सिंह मौके पर पहुंच गए।
जेठानी पार्वती के साथ रीना देवी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। चिकित्सकों ने बताया कि अगर थोड़ी देर और हो जाती तो रीना को बचाना मुश्किल था। हालत सुधरने के बाद शनिवार को चिकित्सकों ने घर भेज दिया।