इटावा जिला कारागार में हत्या के मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहे दो कैदी 7 जुलाई को जिला कारागार की दीवार को फांदकर भाग गए थे। एक कैदी की ट्रेन से कट जाने से मौत हो गई थी जबकि दूसरे का पता नहीं चला। डेढ़ माह बीतने के बाद भी पुलिस भागे हुए कैदी को गिरफ्तार करने में असफल रही है।
जिला कारागार में हत्या करने के आरोप में आजीवन करावास की सजा काट रहे कैदी रामानंद यादव पुत्र गोरेलाल निवासी दशहरा थाना फफूंद जनपद औरैया एवं चंद्रप्रकाश उर्फ चंदुआ पुत्र रामभरोसे निवासी महानेपुर थाना इकदिल जेल से फरार हो गए थे। इसमें रामानंद यादव की ट्रेन से कटकर मौत हो गई थी जबकि चंद्रप्रकाश उर्फ चंदुआ फरार हो गया था।
भागे हुए कैदी की गिरफ्तारी के लिए सिविल लाइन थाना पुलिस ने उसके घर पर पहुंचकर कई बार पूछताछ की, लेकिन इसके बाद भी पुलिस उस तक नहीं पहुंच सकी । भागे हुए कैदी को पकड़ने के लिए पुलिस की तीन टीमों का गठन किया गया था। एसएसपी संतोष कुमार मिश्रा ने कैदी की गिरफ्तारी के लिए क्राइम ब्रांच टीम को लगाया था।
इसमें क्राइम ब्रांच टीम ने कई स्थानों पर छापामार कार्रवाई करने के बाद भी वह उनके हाथ नहीं लग सका। सिविल लाइन थाना प्रभारी मदन गोपाल गुप्ता ने बताया कि पुलिस भागे हुए कैदी की गिरफ्तारी के लिए प्रयास कर रही है, लेकिन अभी तक वह पुलिस के हाथ खाली हैं।