सनिगवां में अजीत की मौत हत्या और हादसे के बीच फंस गई है। अब घटनास्थल पर मिले साक्ष्यों की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर पुलिस की जांच टिकी है। हालांकि अगर हादसे में ही अजीत की मौत होने की बात सामने आई, तो भी आरोपी की गिरफ्तारी और जेल जाना तय है। पुलिस आरोपी को घटना छिपाने और साक्ष्य मिटाने का दोषी माना जाएगा।
डीसीपी पूर्वी श्रवण कुमार सिंह ने बताया कि अजीत कुशवाहा की मौत के मामले में हत्या या हादसा दोनों बिंदुओं पर भी जांच कर रही है। इसके पीछे घटना के बाद शव को दो किलोमीटर दूर छिपाना माना जा रहा है। वहीं, मृतक के परिजनों और ग्रामीणों से पुलिस को पता चला है कि ट्रैक्टर पर खून लगा था, जिसे सुबह घुला जा रहा था। वहीं, पुलिस की पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने हत्या नहीं की है। बल्कि, शुक्रवार को वह खेत में जोत रहा था। अजीत वहीं खड़ा होकर पान मसाला खा रहा था. अचानक वह अचानक वह पीछे से ट्रैक्टर के डिस्क हैरो हल पर चढ़ने लगा। इससे अजीत का संतुलन बिगड़ने से हल की चपेट में आ गया। इससे उसके शरीर के तीन टुकड़े हो गए। इससे वह डर गया। वह खुद को बचाने के लिए शव को दूर ले जाकर गाड़ने की बात कह रहा है।
भौकाली ट्रैक्टर में डीजे, हैलोजन व फॉग लाइटें
ग्रामीणों ने बताया कि आरोपी ने अपने ट्रैक्टर को हरियाणा के किसानों के ट्रैक्टर की तर्ज पर सजा रखा था। इसमें बड़ा स्पीकर, हैलोजन और फाग लाइट भी लगी हुई हैं। खेत में ट्रैक्टर से काम करने के दौरान वह तेज आवाज में गाने सुनता था। उसके ट्रैक्टर की सजावट किसी स्पोर्ट्स गाड़ी से कम नहीं लगती है। फिलहाल उसकी गाड़ी पुलिस के कब्जे में है।