सफाईकर्मियों ने किया बाबूपुरवा थाने का घेराव
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कानपुर के बाबूपुरवा कॉलोनी में गुरुवार को गंदगी की शिकायत पर सफाई करने पहुंचे सफाई नायक और दो सफाई कर्मचारियों से गाली गलौज तथा मारपीट की गई। इससे गुस्साए कर्मचारियों ने सफाई कार्य ठप कर बाबूपुरवा थाने का घेराव किया। इस दौरान हमलावरों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर जमकर नारेबाजी हुई।
सत्ता पक्ष के कुछ नेताओं के दबाव में पुलिस ने समझौता कराने की कोशिश की। इस पर सफाई कर्मियों ने पूरे शहर में हड़ताल की धमकी दी। नगर आयुक्त के थानेे पहुंचने के बाद एफआईआर और दो आरोपियों को हिरासत में लेने पर मामला शांत हुआ। बाबूपुरवा कॉलोनी के ब्लॉक नंबर 10 का सफाई नायक छिद्दू प्रसाद सुबह 11 बजे जनता की शिकायत पर कॉलोनी में नाले के पास सफाई कराने गया था।
साथ में सफाई कर्मचारी अरविंद और मैयादीन भी थे। आरोप है कि मौके पर संदीप तिवारी, अनुपम सिंह आदि सफाई न होने की बात कहते हुए गालियां देने लगे। जबकि सुबह ही वहां सफाई हुई थी। यह बताते पर तीनों की पिटाई की गई। कर्मियों ने जोनल स्वच्छता निरीक्षक अरविंद यादव और नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अजय कुमार को सूचना दी। एक घंटे बाद सभी एफआईआर कराने के लिए बाबूपुरवा थाने पहुंचे।
तब तक भाजपा के कुछ नेता भी पहुंच गए थे। वे समझौते के लिए दबाव बनाने लगे। इसी बीच सफाई कर्मियों ने अपने साथियों को सूचना दे दी। देखते-देखते थाने पर सैकड़ों सफाई कर्मचारी, यूनियन के पदाधिकारी जुट गए। कर्मचारी संयुक्त संघ के महामंत्री हरिओम वाल्मीकि के नेतृत्व में कर्मचारियों ने सरकारी कार्य में बाधा समेत अन्य संबंधित धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की।
इसी दौरान नगर आयुक्त अक्षय त्रिपाठी, मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी निरंजन, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉॅ. अजय कुमार भी पहुंच गए। नगर आयुक्त के निर्देश पर एफआईआर दर्ज हुई। प्रदर्शन करने वालों में उस्मान अली, आनंद शिलेदार, शैलेंद्र, राहुल गहरवार आदि शामिल रहे।