आरोग्य भारती के इस कार्यक्रम में देश भर के स्वयंसेवक इकट्ठा होंगे। इन स्वयंसेवकों के जरिये देश भर के लोगों को आयुर्वेद, होम्योपैथ के साथ प्राकृतिक चिकित्सा पद्घति से जोड़ने का कार्य किया जाएगा। इसके साथ लोग अपने घरों में औषधीय पौधे लगाकर उसका अपने बेहतर स्वास्थ्य के लिए प्रयोग करें, इसका प्रशिक्षण भी स्वयंसेवकों को दिया जाएगा। इसके लिए अभी से तैयारी शुरू हो गई है।
महानगर में करीब 25 ऐसे स्थान हैं, जहां पर आरोग्य भारती का केंद्र काम का रहा है। इसमें सीएसए, सीएसजेएमयू, मेडिकल कॉलेज जैसे कई प्रमुख सरकारी और गैर सरकारी संस्थान शामिल हैं। योजना है कि अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा के जरिये शहर से लेकर गांवों तक लोगों को संघ से जोड़ने का काम किया जाएगा। आरोग्य भारती कानपुर प्रांत के सचिव डॉ. अनोखे लाल पाठक ने बताया कि प्रतिनिधि सभा की तैयारी शुरू हो गई है। यूपी में पहली बार इसके आयोजन के जरिये ज्यादा से ज्यादा लोगों को संघ से जोड़ा जाएगा।
आरोग्य भारती की अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा के आयोजन से पहले जगह-जगह संगोष्ठियों का आयोजन किया जाएगा ताकि लोगों को इस बड़े आयोजन के लिए तैयार किया जा सके।
इस महीने की 25 तारीख को कॉर्डियोलॉजी में संगोष्ठी का आयोजन किया जाएगा। इसी तरह कानपुर प्रांत के दूसरे हिस्सों में भी संगोष्ठियों का आयोजन होगा।