प्रेम-प्रसंग में बाधा बने जेठ और जेठानी
मैजिक में अक्सर उमा देवी आती-जाती थी। इस दौरान ही सुरेश और उमा के बीच प्रेम प्रसंग हो गया था। इसका पता दिवंगत जेठ और जेठानी का लगा था। दोनों के प्रेम प्रसंग में बाधा बनने पर हत्या की योजना बनाई थी। घटना की रात उमा देवी ने परिवार के सभी सदस्यों के खाने में नींद की गोली मिलाई थी।
कॉल डिटेल से हुआ था शक
इसके बाद पति के फोन से प्रेमी सुरेश को रात होने पर बुलाया था। पुलिस को कॉल डिटेल से सुरेश पर शक हुआ था। इससे घटना का खुलासा हुआ था। सहायक शासकीय अधिवक्ता देवेंद्र कुमार सिंह भदौरिया ने बताया कि कोर्ट ने आरोपी सुरेश और उमा देवी को हत्या की धारा 302 के तहत सजा सुनाई है।
सारी सजाएं एक साथ चलेंगी
दोषियों को आजीवन कारावास और 10 हजार रुपये अर्थदंड, गलत कार्य के विरोध की धारा 341 के तहत एक माह कारावास में सजा सुनाई गई है। रात को गृहभेदन की धारा 457 के तहत सुरेश पर पांच साल की कैद और पांच हजार रुपये अतिरिक्त अर्थदंड की सजा सुनाई है। सारी सजाएं एक साथ चलेंगी।