फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

साहब, आदेश के नौ माह बाद भी नहीं हट सका अतिक्रमण

विज्ञापन
अकबरपुर समाधान दिवस में शिकायतें सुनते मंडलायुक्त, आईजी,अपर आयुक्त व अन्य अधिकारी। - फोटो : AKBARPUR
विज्ञापन
कानपुर देहात/डेरापुर। मंगलवार को संपूर्ण समाधान दिवस में जिले की छह तहसीलों में कुल 555 शिकायतें दर्ज हुई। इस दौरान सिर्फ 18 फरियादों का मौके पर निस्तारण हो सका। अन्य मामलों में जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा दिया गया। अकबरपुर तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस में मंडलायुक्त राजशेखर व आईजी मोहित अग्रवाल ने फरियादें सुनीं।
विज्ञापन

सुभाष नगर, नबीपुर निवासी सुमित कुमार पांडेय ने बताया कि जैनपुर औद्योगिक क्षेत्र में प्लाट के सामने कुछ लोगों ने टट्टर, छप्पर व गुमटी रखकर अवैध दुकानें बना ली हैं। फरवरी में यूपीसीडा के क्षेत्रीय प्रबंधक ने एसडीएम अकबरपुर को अतिक्रमण हटवाने के लिए पत्र लिखा था। एसडीएम ने पुलिस को निर्देश दिए, लेकिन नौ माह बाद भी स्थिति जस की तस है। मंडलायुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने एसडीएस सदर आनंद कुमार सिंह को अतिक्रमण हटवाने का निर्देश दिया। वहीं, जनवारा, मूसानगर की किशोरी व ममता आदि ने आईजी मोहित अग्रवाल को बताया कि 31 अगस्त 2012 को गांव के एक एजेंट ने 50 हजार से अधिक रुपये एक कंपनी में जमा कराने को लिए थे। आरोप लगाया कि एजेंट धन गबन कर गया। आईजी ने अकबरपुर पुलिस को गहराई से जांच कर कार्रवाई का निर्देश दिया।
नसरतपुर गांव की रामप्यारी की शिकायत पर आईजी ने एफआईआर दर्ज का अकबरपुर कोतवाली पुलिस को निर्देश दिया। यहां दर्ज 122 शिकायतों में 5 का मौके पर निस्तारण हुआ। अपर आयुक्त एके मिश्रा, एएसपी अनूप कुमार, सीओ संदीप सिंह आदि रहे। डेरापुर में जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में एडीएम प्रशासन पंकज वर्मा व एसपी केशव कुमार चौधरी की मौजूदगी में 157 शिकायतें आई। केवल छह शिकायतें मौके पर निस्तारित हुईं। कसोलर के साबिर हुसैन ने बताया कि मुरादपुर निवासी नत्थू यादव से वन कर्मियों पर सूखा पेड़ काटने के एवज में 30 हजार रुपये वसूलने और रसीद नहीं देने व बाइक जब्त करने का आरोप लगाया।
विज्ञापन

एडीएम ने एसडीएम को जांच का निर्देश दिया। अधिवक्ता परिषद अध्यक्ष राजकुमार तिवारी, महामंत्री महावीर यादव, सौरभ चौबे, रामकुमार द्विवेदी ने एसडीएम कार्यालय के फौजदारी अहलमद पर गलत तरीके से वादियों से संपर्क कर रिहा करने का आरोप लगाया। एडीएम ने एसडीएम ऋषिकांत राजवंशी को आवश्यक निर्देश दिए। 157 शिकायतें रहीं। इसमें छह शिकायतें मौके पर निस्तारित हुईं। सीओ आशापाल सिंह, नायब तहसीलदार जगरूप सिंह, बीडीओ बब्बन राय व बीईओ उदय नारायण कटियार रहे। मैथा तहसील में एसडीएम रामशिरोमणि व सीओ राम शरण सिंह ने शिकायतें सुनीं। कुल 31 शिकायतें दर्ज हुईं। तीन शिकायतें निस्तारित की गई। तहसीलदार रामशंकर, नायब तहसीलदार स्वाती गुप्ता रहीं। सिकंदरा तहसील में एसडीएम रमेश चंद्र यादव ने शिकायतें सुनीं। 80 शिकायतें आई। एक भी शिकायत का मौके पर निस्तारण नहीं हो सका। तहसीलदार लखन लाल राजपूत रहे। रसूलाबाद तहसील में एडीएम वित्त साहब लाल व एसडीएम अंजू वर्मा ने शिकायतें सुनीं। कुल 86 शिकायतें दर्ज हुई। चार शिकायतों का निस्तारण हुआ। तहसीलदार अजीत यादव, थाना प्रभारी शशि भूषण मिश्रा, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. लोकेश शर्मा रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें