तीन दिन से लापता दहेज हत्या में नामजद युवक की हत्या कर दी गई। झाड़ियों में मिले शव के हाथ-पैर गमछे से बंधे थे और मुंह में कपड़ा ठुसा था। पहचान मिटाने के लिए चेहरे पर तेजाब डाल गया था। परिवारीजनों ने ससुराल पक्ष पर हत्या का आरोप लगाया है। एसपी हरीश चंदर ने बताया कि फोरेंसिक टीम के साथ सर्विलांस और स्वाट टीम को लगाया गया है। जल्द खुलासा कर कार्रवाई की जाएगी।
कन्नौज गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के निकोवनपुरवा गांव निवासी शैलेंद्र यादव (35) उर्फ लल्ला पुत्र नरवीर की शादी कानपुर, बिल्हौर के जमुनियनपुरवा गांव की सुनीता पुत्री रामसेवक से हुई थी। दोनों के एक साल का बेटा आकांक्ष था। इसी तीन जुलाई की रात को मां-बेटे के अधजले शव बंद कमरे में मिले थे। सुनीता के भाई सतीश चंद्र ने शैलेंद्र, उसके पिता, मां विमला देवी और भाई-भाभी के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। परिवारीजनों के मुताबिक शुक्रवार को ससुरालीजनों ने शैलेंद्र को हत्या की धमकी दी थी। शैलेंद्र ने पुलिस को फोन कर इसकी सूचना भी दी थी और तभी से वह लापता था।
रविवार की दोपहर करीब दो बजे बच्चों ने प्राथमिक विद्यालय के पीछे झाड़ियों में शव देखा। मौके पर परिवारीजनों व ग्रामीण की भीड़ जुट गई। कोतवाली प्रभारी अमर पाल सिंह और क्षेत्राधिकारी लक्ष्मीकांत गौतम के साथ ही एएसपी केशव चंद्र गोस्वामी मौके पर पहुंचे। मृतक के पिता नरवीर और भाई देवेंद्र ने एएसपी को बताया कि शैलेंद्र की पत्नी ने बेटे के साथ आग लगाकर जान दी थी। तभी से ससुरालीजन शैलेंद्र की हत्या की फिराक में गांव के आसपास घूम रहे थे। ग्रामीणों में प्रेम प्रसंग में भी घटना को अंजाम दिए जाने की चर्चा है।