प्लेटफार्म पर ट्रेन का इंतजार करते यात्री। संवाद
रूरा। यात्रा करने के लिए रेलवे स्टेशन पहुंचने वाले यात्रियों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। रेलवे अलग-अलग स्थानों पर ट्रैक के रख रखाव का कार्य कर रही है। इससे ट्रेनें देरी से पहुंच रही हैं। सोमवार को दिल्ली की तरफ जाने वाली महानंदा एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय दोपहर एक बजकर 45 मिनट से एक घंटे की देरी से दो बजकर 45 मिनट पर पहुंचीं।
रूरा स्टेशन पर चार पैसेंजर ट्रेन के अलावा लंबी दूरी की सात ट्रेनों का ठहराव होता है। इनसे कानपुर नगर सहित अन्य जनपदों में काम के सिलसिले में प्रतिदिन करीब तीन हजार लोग यात्रा करते हैं। ट्रेनों के देरी से चलने के कारण इन्हें समस्या हो रही है। दिल्ली से कानपुर की तरफ जाने वाली ऊंचाहार एक्सप्रेस का स्टेशन पहुंचने का समय सुबह चार बजकर 20 मिनट है। लेकिन यह एक घंटे की देरी से चलकर सुबह पांच बजकर 20 मिनट पर स्टेशन पहुंची। वहीं, आगरा से लखनऊ जाने वाली इंटरसिटी एक्सप्रेस सुबह नौ बजकर 30 मिनट के स्थान पर आधे घंटे की देरी से सुबह 10 बजे पहुंची।
इसी प्रकार मुरी एक्सप्रेस दोपहर दो बजे की जगह एक घंटे की देरी से तीन बजे पहुंची। गाजियाबाद जाने के लिए प्लेटफार्म पर खड़े अंबरपुर निवासी छोटू पाल ने बताया कि ट्रेन के देरी से आने के कारण समस्या होगी। अब ट्रेन गंतव्य पर रात में पहुंचाएगी। ऑटो चालक रात में दो गुणा दाम वसूलते हैं। लालपुर निवासी अजीत यादव ने कहा कि नोएडा में नौकरी करते हैं। 15 अगस्त व जन्माष्टमी की छुट्टी पर घर आए थे। वापसी के लिए ट्रेन का इंतजार कर रहे हैं। जानकारी के लिए कई बार पूछताछ केंद्र के चक्कर लगा चुके हैं। जनसंपर्क अधिकारी प्रयागराज मंडल अमित सिंह ने बताया कि ट्रैक पर कार्य होने वाले स्थानों पर ट्रेनों को अधिकतम 40 की स्पीड से चलाया जा रहा है। इससे लंबी दूरी की ट्रेन देरी से चल रही हैं। जल्द ही समय में सुधार हो जाएगा।