लॉकडाउन में सैकड़ों किमी की यात्रा कर कानपुर पहुंचे दिहाड़ी मजदूर
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लॉकडाउन के दौरान दिहाड़ी मजदूरों और प्रवासियों की कहानी अमर उजाला आपको शुरुआत से पढ़ाता आ रहा है। पैदल चलकर आने वाले प्रवासियों की दर्द भरी कहानी चेन्नई, गुजरात से आने और बिहार जाने वालों की जुबानी।
चेन्नई से आए 21 मजदूर जाजमऊ नई चुंगी में दो दिन से रुके हैं। उनका कहना है कि चेन्नई बार्डर से पुलिस ने ट्रकों से भेज दिया। रास्ते में कुछ दूर पैदल तो कुछ दूर साधन से 11 दिन में कानपुर पहुंचे हैं। बस्ती जाना है, लेकिन उन्नाव पुलिस जाने नहीं दे रही है।
इलाहाबाद होकर जाने का प्रयास किया तो महाराज थाने की पुलिस ने भगा दिया। इस पर वापस आकर जाजमऊ चुंगी के पास रुके हैं। कुछ लोग सुबह-शाम खाना और पानी दे रहे हैं। बृजेश, रमेश, अशफाक, कमल, सुधीर, रणधीर, राजेश, अशोक ने प्रशासन से घर भिजवाने की मांग की है।