इटावा। कचौरा रोड स्थित एक निजी अस्पताल के शुभारंभ में शामिल होने आए सपा के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। जनप्रतिनिधियों पर हमले हो रहे हैं। पत्रकार भी सुरक्षित नहीं हैं। उन्होंने आरक्षण पर भी सवाल उठाए।
कहा कि आउटसोर्सिंग भर्ती में पिछड़ों और दलितों को आरक्षण नहीं मिल रहा है। ठेके पर नौकरी देने के लिए ठेकेदार पहले एक लाख रुपये जमा कराता है और फिर साढ़े आठ हजार की नौकरी देता है। प्रदेश सरकार के पास बस लोगों केा हिंदू-मुस्लिम के मुद्दे में उलझाना है। बिजली के निजीकरण को भी गलत बताया। कहा कि प्रदेश में सबसे महंगी बिजली है। कांग्रेस पर लगे 455 करोड़ के घोटाले के आरोप पर उन्होंने कहा कि सरकार इसकी जांच कराए। सपा प्रवक्ता आईपी सिंह के विपक्ष नेता बदले जाने के बयान पर कहा कि सबसे ज्यादा जिसके सदस्य हों, उसी का विपक्षी नेता होता है। संवाद
महाकुंभ को दिया राजनीतिक रंग : तेज प्रताप
अस्पताल के शुभारंभ में आए करहल विधायक और लालू प्रसाद यादव के दामाद तेज प्रताप यादव ने भी भाजपा पर हमला बोला। कहा कि भाजपा ने महाकुंभ को भी राजनीतिक रंग दिया है। महाकुंभ हर 12 साल बाद आता है, लेकिन भाजपा ने इसका गलत प्रचार किया। उन्होंने सरकार की ओर से किए जा रहे दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि 25 लाख की आबादी वाले शहर में 70 करोड़ लोगों की गिनती का दावा कैसे किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार अभी तक महाकुंभ में मरने वालों की संख्या तक स्पष्ट नहीं कर सकी है।