कुशाग्र अपहरण हत्याकांड में सनसनीखेज खुलासा हुआ है। हत्या के बाद कातिल शव को टुकड़ों में काटकर पॉलिथीन में भरकर नदी में फेंकने की तैयारी में थे। तीन दिन की रिमांड पर लिए गए आरोपियों ने पुलिस की पूछताछ में कई खुलासे किए हैं। प्रभात के घर से पॉलिथीन बैग और चापड़ बरामद किए गए हैं।
कानपुर के रायपुरवा के आचार्यनगर निवासी कपड़ा कारोबारी मनीष कनौडिया के बेटे कुशाग्र की हत्या के मामले में सनसनीखेज खुलासा हुआ है। आरोपियों ने पूछताछ में ऐसा सच उगला कि पुलिस भी हैरान रह गई। कुशाग्र की हत्या के करने के बाद आरोपी प्रभात, पूर्व शिक्षिका रचिता और शिवा उसके शव को छोटे टुकड़ों में काट पॉलिथीन बैग में भरकर ठिकाने लगाने वाले थे।
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लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने उनका प्लान चौपट कर दिया। तीन दिन की पुलिस कस्टडी रिमांड पर लिए गए आरोपियों ने खुद पुलिस की पूछताछ में यह चौंकाने वाला खुलासा किया है। पुलिस ने प्रभात के घर से चापड़ और पॉलिथीन बैग, बोरी आदि बरामद कर लिए हैं।
रविवार सुबह नौ बजे पुलिस ने तीनों आरोपियों की जेल से कस्टडी में लिया। इसके बाद मेडिकल कराया और फिर तीनों को क्राइम ब्रांच कार्यालय में रखकर अलग-अलग पूछताछ की गई। हत्या के आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वह कुशाग्र की हत्या के बाद वह फिरौती के 30 लाख रुपये वसूलना चाहते थे।
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इस बीच कुशाग्र के शव को टुकड़ों में करके पॉलिथीन बैग में भरकर गंगा नदी में फेंकने की तैयारी कर ली थी। प्रभात ने पुलिस को बताया कि उसे पता था कि कुशाग्र के परिजनों के पास बहुत पैसा है। बेटे की स्कूटी मिलने पर वह डरकर बिना कहीं सूचना दिए फिरौती की रकम दे देंगे। उसने बताया कि उसे इसका अंदाजा नहीं था कि सीसीटीवी फुटेज में वह कैद हो गया है।
प्रभात को पता था कि यदि कुशाग्र का शव पुलिस को नहीं मिला तो कहीं न कहीं उनके लिए यह साबित करना मुश्किल हो जाएगा कि उन्होंने ही कुशाग्र की हत्या की है। इसलिए शव को टुकड़ों में गंगा नदी में बहाने का प्लान था। पुलिस ने प्रभात के घर से कुशाग्र का बैग, हैलमेट, मोबाइल, शर्ट, रजिस्टर और पेन भी बरामद कर लिए गए हैं।
किसी को शक न हो इसलिए चुनी थी कोठरी
डीसीपी सेंट्रल प्रमोद कुमार के अनुसार, पूछताछ में प्रभात ने कबूला है कि कुशाग्र उसे जनता था। किसी को शक न हो इसलिए बीच बस्ती में स्थित घर की कोठरी में प्रभात को बहाने से लेकर पहुंचा था। हत्या के बाद फिरौती वसूलने के लिए उसका उसी शाम 5:07 बजे चंद सेकंड का शव को औंधे मुंह करके वीडियो बनाया। यही वीडियो भेजकर 30 लाख रुपये की फिरौती वसूलने की योजना थी।
परिजनों ने आरोपियों से पूछताछ की जताई इच्छा
कुशाग्र के परिवार ने आरोपियों के सामने खड़े होकर उनसे यह पूछने की इच्छा जताई कि आखिर उन्होंने उनके जिगर के टुकड़े को क्यों मार डाला? कुशाग्र के चाचा सुमित कनौडिया ने पुलिस अधिकारियों से अनुरोध किया कि एक बार उन्हें और उनके परिवार को भी आरोपियों से बात करने का मौका दिया जाए। हालांकि, अभी अधिकारियों ने उन्हें इसकी इजाजत नहीं दी।
वहीं, कुशाग्र की कोचिंग के शिक्षक डेनियल सरकार ने बताया कि कुशाग्र नियमित कोचिंग आता था और हमेशा समय पर पहुंचता था। पढ़ाई में अव्वल होने से साथ ही बेहद मिलनसार था।
रिमांड के दौरान पुलिस तीनों आरोपियों को घटनास्थल से लेकर अलग-अलग क्राइम सीन पर ले जाएगी। पूरे क्राइम सीन को आरोपियों की मदद से दोहराया जाएगा। इस दौरान फॉरेंसिक टीम भी रहेगी। कड़ी से कड़ी जोड़कर हत्याकांड में अहम सबूत जुटाए जा रहे हैं। आरोपियों को कठोर सजा दिलाई जाएगी। - आनंद प्रकाश तिवारी, ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर