50 से अधिक आरोपी भेजे गए थे जेल
बता दें कि 2-3 जुलाई 2020 की रात में क्षेत्र के बिकरू गांव में कुख्यात विकास दुबे और उसके गैंग ने 8 पुलिसकर्मियों को मौत के घाट उतार दिया था। इसके बाद पुलिस ने 50 से अधिक कांड से जुड़े लोगों को जेल भेजा था। उसी में आरोपी अमर दुबे की पत्नी खुशी दुबे को भी पुलिस ने जेल भेजा था।
अदालत ने अगली सुनवाई को तय की 10 जुलाई की तिथि
बिकरू कांड के मुख्य मामले में सोमवार को बचाव पक्ष के अधिवक्ता के अस्वस्थ होने के कारण उनकी ओर से दिए गए स्थगन प्रार्थना पत्र पर अदालत में मामले की सुनवाई नहीं हो सकी। अब अदालत ने सुनवाई के लिए 10 जुलाई की तिथि नियत की है।
एंटी डकैती कोर्ट में चल रही है सुनवाई
चौबेपुर के बिकरू गांव में दो जुलाई 2020 को दबिश देने गई पुलिस टीम पर गैंगस्टर विकास दुबे ने साथियों के साथ फायरिंग कर दी थी। घटना में एक डिप्टी एसपी समेत आठ पुलिस कर्मी शहीद हो गए थे। कई घायल भी हुए थे। मामले की सुनवाई एंटी डकैती कोर्ट में चल रही है।
अस्वस्थ होने के कारण नहीं पहुंचे अदालत
पिछली कई तिथियों से मामले में बचाव पक्ष के अधिवक्ता संतोष कुमार बाजपेई की तरफ से अभियोजन के गवाह दरोगा कुंवरपाल से जिरह की जा रही है। सहायक शासकीय अधिवक्ता शशिभूषण सिंह चौहान ने बताया कि सोमवार को बचाव पक्ष के अधिवक्ता संतोष कुमार बाजपेई अस्वस्थ होने के कारण अदालत नहीं पहुंच सके।