गाजियाबाद कांड के बाद मुख्यमंत्री के सख्त तेवर देख केडीए उपाध्यक्ष राकेश कुमार सिंह ने आनन-फानन में कुलीबाजार बेसमेंट हादसे में सुपरवाइजर को निलंबित कर दिया। अभियंताओं पर भी कार्रवाई की। 23 नवंबर को कुलीबाजार में 60 फीट गहरे बेसमेंट की खुदाई के दौरान बगल में स्थित जर्जर मकान ढहने से एक वृद्ध की मौत हो गई थी।
तीन अन्य घायल हो गए थे। केडीए सचिव एसपी सिंह की अध्यक्षता में गठित समिति ने प्रवर्तन विभाग को क्लीन चिट दे दी थी। कमिश्नर डॉ. राजशेखर के दोबारा जांच के निर्देशों के बावजूद मामला ठंडे बस्ते में पड़ा था। इसी बीच गाजियाबाद श्मशान घाट कांड के बाद मुख्यमंत्री की सख्ती पर केडीए ने आनन-फानन में कुलीबाजार हादसे में जोन-1 के अभियंताओं और सुपरवाइजर को निर्माण के दौरान समुचित निगरानी न करने का दोषी पाया।
उपाध्यक्ष ने केडीए जोन-1 प्रवर्तन विभाग के सुपरवाइजर दीपक उपाध्याय को निलंबित कर दिया। इसी जोन के अंतर्गत कुलीबाजार क्षेत्र देख रहे प्रवर्तन विभाग के अवर अभियंता आरके सिंह के खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखा। सहायक अभियंता तेजवीर सिंह को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है। जोन-1 प्रवर्तन विभाग के अधिशासी अभियंता अतुल मिश्रा को चेतावनी दी गई है।