नशे की लत में पिता की हत्या करने वाले बेटे को अपर जिला जज तृतीय कंचन ने उम्रकैद और 12 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। गुजैनी निवासी निखिल शुक्ला ने 25 जुलाई 2022 को पिता जीत कुमार शुक्ला उर्फ गोरे के सिर में सरिया मारकर व चाकू से गर्दन काटकर हत्या कर दी थी। बचाने आई मां सुमन और नाना रामभरोसे अवस्थी पर भी सरिया से हमला किया था।
निखिल के भाई अखिल ने गोविंद नगर थाने में भाई के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एडीजीसी ने बताया कि निखिल नशे का आदी था। घरवाले उसे मना करते थे उसे घर से बाहर नहीं निकलने देते थे। घटना से पहले पिता-पुत्र का इसी बात को लेकर झगड़ा हुआ। रात में सब सोने चले गए और देर रात गुस्से में आकर निखिल ने पिता की हत्या कर दी थी। अभियोजन की ओर से मां, नाना व छोटे बेटे समेत कई गवाह कोर्ट में पेश किए गए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने निखिल को उम्रकैद की सजा सुनाई।