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Kanpur: सीवर लाइन चोक, भूगर्भ में समा रहा गंदा पानी, यहां पीने के पानी को तरस रहे लोग

Mon, 08 Apr 2024 12:03 PM IST
शिखा पांडेय मनोज चौरसिया, अमर उजाला, कानपुर

सार

कानपुर के ख्यौरा नवाबगंज में लोग पीने के पानी को तरस रहे हैं। दूर-दराज स्थित हैंडपंप से पानी लाते हैं। सीवेज का पानी आगे न जा पाने की वजह से एसटीपी और मेन पंपिंग स्टेशन भी पांच साल से बंद है।
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भूगर्भ में समा रहा गंदा पानी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कानपुर में सीवर के पानी से ख्योरा का भूगर्भ जल प्रदूषित हो गया है। क्षेत्र के हैंडपंपों, सबमर्सिबलों से बदबूदार गंदा पानी आ रहा है। इससे सिंचाई करने से धनिया, पालक आदि सब्जियों की पत्तियां खराब हो रही हैं। परेशान ग्रामीणों ने हैंडपंप बंद कर दिए हैं। वे दूसरी बस्तियों से पानी भरकर ला रहे हैं। सीवर लाइन चोक होने और सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट के ठप होने से यह समस्या पैदा हुई है।
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जवाहर लाल नेहरू नेशनल अरबन रिनुअल मिशन (जेएनएनयूआरएम) की डिस्टि्रक्ट -1 सीवेज परियोजना के तहत 12 साल पहले पश्चिमी क्षेत्र में सीवेज निस्तारण के उद्देश्य से कल्याणपुर तिराहे से ख्योरा (नवाबगंज) और वहां से बनियापुरवा सीवेज पंपिंग स्टेशन तक गहरी सीवर लाइन बिछाई गई थी। पांच साल पहले बनियापुरवा में ही 1.5 करोड़ लीटर प्रतिदिन (एमएलडी) क्षमता का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) भी बनवाया गया। ठेकेदार ने मानकों को दरकिनार करते हुए सिंहपुर तिराहे से धनऊपुरवा तक मैनावती मार्ग पर घटिया सीवर लाइन बिछाई।

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रोड कटिंग, सड़क खोदने का पैसा बचाने के लिए धनउपुरवा से बनियापुरवा के पास डीपीएस (आजादनगर) मोड़ के पास तक नहर में ही सीवर लाइन बिछा दी। सिंहपुर तिराहे से करीब 500 मीटर दूर स्थित केडीए ग्रीन अपार्टमेंट के बीच गहरी सीवर लाइन तीन बार धंस चुकी है। नहर में डाली गई सीवर लाइन भी मिट्टी भरने से चोक हो गई है। इसकी वजह से ख्यौरा मेन पंपिंग स्टेशन (एमपीएस) में गहरी सीवर लाइन से गंदा पानी नहीं पहुंचा।
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इस वजह से पांच साल से एमपीएस और एसटीपी ठप हैं। बिजली का कनेक्शन, कर्मियों की तैनाती सहित सारी व्यवस्थाएं होने के बावजूद इनका संचालन नहीं हो पा रहा है। इस वजह से सीवर का पानी भूगर्भ में और गंगा में जा रहा है। क्षेत्र के कुछ बिल्डर भी गंदा पानी शोधित किए बिना बहा रहे हैं, जो भूगर्भ जल में जा रहा है। बता दें गंगा के पास स्थित इस क्षेत्र में भूगर्भ जल करीब 40 फीट पर है।

गंदे पानी की वजह से बंद करने पड़े हैंडपंप
हैंडपंप और सबमर्सिबल से कई महीने से बदबूदार पानी आ रहा है। पीने से शरीर में दाने हो गए थे। 20 फीट दूर चार बार बोरिंग करवाकर हैंडपंप लगवाया, पर पानी गंदा ही आता रहा। अंत में हैंडपंप बंद करने पड़े। पूरा परिवार वहां से दूर ख्योरा नई बस्ती में लगे सबमर्सिबल में स्नान करने जाता है। वहीं से पानी, खाना बनाने के लिए पानी भरकर लाते हैं। कई लोगों ने हैंडपंप बंद करा दिए हैं। - मनोज कुमार, ख्योरा

 
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आसपास के हैंडपंप भी दे रहे गंदा पानी
गहरी सीवर लाइन टूटी होने की वजह से एमपीएस में सीवेज नहीं आता। पंपिंग स्टेशन पांच साल से बंद है। आसपास के हैंडपंपों से बदबूदार गंदा पानी आ रहा है। पंप चालू करने से आसपास के मकानों को खतरा है। अधिकारियों को सूचना दे दी है। - हंसराज मौर्या, पंप ऑपरेटर, मेन पंपिंग स्टेशन

जानकारी नहीं है, पता कराऊंगा
ख्यौरा में भूगर्भ जल प्रदूषित होने की जानकारी नहीं है। पता लगाऊंगा। हो सकता है कि किसी ने रिवर्स बोरिंग कर ली हो और गंदा पानी या केमिकलयुक्त पानी भूगर्भ में डाल रहा हो।- विशाल सिंह, अधिशासी अभियंता, जल निगम (शहरी)
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