शंकरलाल फाइल फोटो व कमरे में बिखरा पड़ा मलबा
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दलेलपुरवा स्थित नगर निगम कालोनी स्थित घर की छत का प्लास्टर गिरने से नौ दिन पहले घायल हुए सेवानिवृत्त गन फैक्टरी कर्मी की इलाज के दौरान शनिवार सुबह मौत हो गई। उनका सर्वोदयनगर स्थित एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा था। दलेलपुरवा निवासी शंकरलाल (70) गन फैक्ट्री में फिटर के पद से सेवानिवृत्त थे। परिवार में बेटे संदीप और धर्मेंद्र हैं।
तीन बेटियां कल्पना, सारिका, आराधना की शादी हो चुकी हैं। वहीं, पत्नी बदामा देवी की कुछ समय पहले मौत हो चुकी थी। छोटे बेटे धर्मेंद्र ने बताया कि पिता तीन साल पहले सेवानिवृत्त हुए थे। 12 मई की शाम को वह पिता को चाय देकर घर से निकल गया था। कुछ ही देर बाद कमरे की छत का प्लास्टर भरभराकर टीवी देख रहे पिता पर गिर पड़ा। पड़ोसियों की सूचना पर पहुंचे धर्मेंद्र ने पिता को उर्सला पहुंचाया।
फिर वहां से सर्वोदयनगर स्थित एक निजी अस्पताल में शिफ्ट करा दिया। नौ दिन चले इलाज के बाद शनिवार सुबह उन्होंने दम तोड़ दिया। सूचना पर पहुंची अनवरगंज पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। बेटे धर्मेंद्र ने बताया कि करीब सात सालों से वह लोग यहां पर रह रहे हैं। कई बार कॉलाेनियों के मेंटीनेंस के लिए कहा गया। उच्चाधिकारियों से शिकायत भी की गई लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।