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Kanpur: केडीएमए में पुलिस की पाठशाला, डीसीपी ने छात्रों को दिए सुरक्षा के टिप्स, बोले- किताबों को बनाएं साथी

Thu, 29 Jan 2026 03:26 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: केडीएमए बर्रा में अमर उजाला फाउंडेशन द्वारा आयोजित कार्यक्रम में डीसीपी साउथ ने छात्रों को मोबाइल से दूरी और किताबों से नजदीकी बढ़ाने की सलाह दी। साइबर विशेषज्ञों ने छात्रों को एप हैकिंग, ब्लैकमेलिंग और सोशल मीडिया प्राइवेसी के बारे में जागरूक किया।
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डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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आप अपने बचपन को जी भर जियो और भविष्य बनाने के बारे में सोचें।  आपका भविष्य आपकी पढ़ाई से ही बनेगा, उसके लिए आपको ज्यादा से ज्यादा समय किताबों के बीच बिताना होगा। मोबाइल से दूरी बनाएं तभी आप आसानी से सफल हो सकेंगे। ये बातें आईपीएस दीपेंद्र नाथ चौधरी ने गुरुवार को केडीएमए में अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से आयोजित पुलिस की पाठशाला में छात्रों को संबोधित करते हुए कहीं।  डीसीपी ने छात्रों को जागरूक करते हुए कहा कि जिंदगी में कई समस्याएं आएंगी। उनसे घबराना नहीं है।

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आगे बढ़ने के लिए समस्याओं से निपटना चाहिए। परीक्षा के तनाव से बचने  का सबसे आसान तरीका है कि टाइम मैनेजमेंट। आप लोगों को चाहिए कि क्या कब पढ़ना है, यह हमें समय से तय कर लेना चाहिए। अन्जान वीडियो कॉल उठाने से बचें। आपकी सहायता के लिए कई तरह की हेल्पलाइन चलती है, लेकिन समस्या ये है कि आपको इनके नंबर पता नहीं होते हैं। इसलिए जब जरूरत पड़ती है, तो आप अपनी या किसी अपने की मदद नहीं कर पाते हैं।

हेल्पलाइन नंबर हमेशा रखें याद बुरे समय में आएंगे काम
डीसीपी साउथ ने कहा कि पांच तरह की हेल्पलाइन के नंबर जरूर याद रखें। पुलिस की मदद चाहिए हो तो 112, महिला हेल्पलाइन के लिए 1090, चाइल्ड हेल्पलाइन के लिए 1098,आगइ लगने पर 101 और सायबर अपराध के मामलों में 1930 डायल करें।

नए एप को डाउनलोड करते समय सतर्क रहें
साइबर विशेषज्ञ सनित मलिक ने छात्रों को समझाया कि कभी डरें नहीं, परिजन को सूचना दें। सोशल मीडिया पर किसी अंजान साथी के बुलाने से उससे मिलने न जाएं। इसके बारे में परिजन को जरूर बताएं। किसी नए एप को डाउनलोड करते समय सतर्क रहें। साइबर अपराधी आपसे एप डाउनलोड कराते समय सारी अनुमति मांग लेते हैं। इसके चलते आपके फोन को हैक करना उनके लिए आसान हो जाता है। इसके बाद वह आपकी निजी जानकारी चोरी कर आपको ब्लैकमेल कर सकते हैं।
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आपका अकाउंट प्राइवेट होना चाहिए

उन्होंने बच्चों को साइबर अपराध से बचाव के लिए जागरूक किया। कहा कि आप सभी सोशल मीडिया इस्तेमाल करते हैं, लेकिन इनकी सेटिंग्स को ऑन नहीं करते हैं। ज्यादा लाइक, शेयर और कमेंट के चक्कर में हम अपना अकाउंट पब्लिक कर देते हैं, जबकि इसे प्राइवेट होना चाहिए। पाठशाला के दौरान स्कूल की प्रधानाचार्य प्रियंका सहगल और अन्य स्टॉफ मौजूद रहा।
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