मेट्रो कॉरिडोर-2 के सीएसए परिसर स्थित डिपो में सोमवार को सिग्नल सिस्टम लगाने की शुरुआत के साथ ही पहली पॉइंट मशीन स्थापित की गई। यूपीएमआरसी के अनुसार डिपो में 27 पॉइंट मशीनें लगाई जाएंगी। ये मेट्रो सिग्नल प्रणाली का अहम हिस्सा हैं, जिनकी मदद से ट्रेनें एक ट्रैक से दूसरे ट्रैक पर सुरक्षित तरीके से शिफ्ट होती हैं। ये मशीनें ट्रैक के टर्नआउट को संचालित, लॉक और मॉनिटर करती हैं।
इस डिपो में 15 ट्रैकों का निर्माण प्रस्तावित है। इनमें चार ट्रैक वर्कशॉप में, चार स्टेबलिंग, चार शंटिंग, एक कोच अनलोडिंग, एक पिट व्हील और एक ट्रैक टेस्टिंग के लिए उपयोग होगा। 301 मीटर लंबे टेस्ट ट्रैक पर भी सिग्नल लगाया जा रहा है। एक्सल काउंटरों की स्थापना, ट्रेन रेडियो एक्सेस एंटीना की मार्किंग, फाउंडेशन निर्माण और सिग्नल इक्विपमेंट रूम का कार्य भी तेजी से चल रहा है। यूपीएमआरसी के एमडी सुशील कुमार के अनुसार कॉरिडोर-2 की ट्रेनों के संचालन और मेंटेनेंस के लिए सीएसए परिसर में अत्याधुनिक डिपो तैयार किया जा रहा है।