बांग्लादेशी नागरिक डॉ. रिजवान को संरक्षण देने के मामले में फरार चल रहे सपा के निवर्तमान पार्षद मन्नू रहमान को गिरफ्तार कर लिया गया है। बता दें कि मन्नू दो माह से फरार था और आत्मसमर्पण की फिराक में घूम रहा था। उसने ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी के आवास पर आत्मसमर्पण किया।
कानपुर में बांग्लादेशी नागरिक डॉ. रिजवान को देश की नागरिकता का प्रमाण पत्र जारी करने के मामले में वांछित पूर्व पार्षद मन्नू रहमान को पुलिस ने कैंट से गिरफ्तार कर लिया। वह एक इंस्पेक्टर और एक कथित पत्रकार से सांठगांठ कर ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर के आवास पर आत्मसमर्पण करने की फिराक में था।
विज्ञापन
मूलगंज पुलिस ने 11 दिसंबर को बांग्लादेशी नागरिक डॉ. रिजवान मोहम्मद को परिवार समेत गिरफ्तार किया था। पुलिस ने मामले में सपा विधायक इरफान सोलंकी और मन्नू रहमान को आरोपी बनाया था। आरोप था कि इरफान सोलंकी ने बांग्लादेशी नागरिक को भारतीय बताते हुए लैटर पैड जारी कर आधार कार्ड बनवाने में मदद की थी।
वहीं मन्नू ने उसे भारतीय बताते हुए निवास प्रमाणपत्र जारी किया था। पुलिस ने मन्नू रहमान को छोड़कर सभी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी थी। मन्नू मंगलवार को आत्मसमर्पण करने की तैयारी में था। हालांकि पुलिस ने जेसीपी आवास पहुंचने से पहले ही उसे दबोच लिया। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया।
मन्नू रहमान को पुलिस टीम ने कैंट एरिया से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को जेल भेजने के साथ ही विवेचक से जल्द मामले में कोर्ट में पूरक चार्जशीट दाखिल करने के आदेश दिए हैं। -आनंद प्रकाश तिवारी, ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर