दोनों दादा नगर फैक्टरी में काम करते हैं
फिलहाल शव पोस्टमॉर्टम भेजकर हत्यारोपी की तलाश में तीन टीमें लगाई गई हैं। उबस्ती में वर्मा के घर में किराए पर रहने वाले मूलरूप से घाटमपुर के रामसारी गांव निवासी मक्खन सोनकर, पत्नी ममता, बेटी 14 वर्षीय मानवी, 10 वर्षीय बेटे मयंक और आयुष के साथ रहते हैं। इसी मकान में फतेहपुर निवासी शिवम सक्सेना अपने पिता रामनारायण के साथ रहता है। दोनों दादा नगर फैक्टरी में काम करते हैं।
सीसीटीवी में आरोपी अकेले आता दिखा
आयुष के रोते बिलखते माता-पिता ने पुलिस को बताया कि दोपहर करीब 1.30 बजे आयुष को शिवम अपने साथ रिमोट वाली कार दिलाने के बहाने से लेकर पैदल निकला था। दोपहर करीब 3.30 बजे जब शिवम अकेले घर लौटा, तो तुरंत डायल 112 को सूचना दी। इस पर मौके पर पहुंची पीआरवी से पुलिसकर्मियों ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरे खंगालने शुरू किए, तो आरोपी अकेले आता दिखा।
ऑटो में बालक को बैठाकर पांडु नदी जाते कैद हुआ
पुलिसकर्मियों ने घटना के बारे में उच्चाधिकारियों को सूचना दी। इस पर बर्रा इंस्पेक्टर रवींद्र कुमार श्रीवास्तव ने बालक को ढूंढने के लिए तीन टीमें लगाई। पुलिस की टीमों ने ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत 50 से ज्यादा कैमरे खंगाले, तो हत्यारोपी शिवम स्नेही चौराहे से वैष्णों मंदिर के पास जाते कैद हुआ। पुलिस ने और फुटेज देखे, तो आरोपी अर्रा दो में ऑटो में बालक को बैठाकर पांडु नदी जाते कैद हुआ।
मुठभेड़ के बाद किया गिरफ्तार
इसके बाद उसने नदी किनारे गला दबाकर उसकी हत्या कर शव फेंक दिया। सूचना पर संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था आशुतोष कुमार, डीसीपी साउथ दीपेंद्र नाथ चौधरी मौके पर पहुंचे। डीसीपी ने बताया कि प्रथम दृष्टता बालक की गला दबाकर हत्या की गई है। शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है। अपहरण की धारा को हत्या में तरमीम किया जा रहा है। जांच मे सामने आया है कि शिवम, ममता से एकतरफा प्रेम करता था। देर रात आरोपी को मुठभेड़ के बाद फत्तेपुर चौराहा के पास से गिरफ्तार कर लिया गया है।