कानपुर सड़क हादसे की होगी जांच
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उत्तर प्रदेश के कानपुर में रविवार को मौत बनकर दौड़ी ई-बस द्वारा 6 लोगों कुचलकर मौत होने के मामले को शासन ने गंभीरता से लिया है। मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा ने जांच के लिए कमेटी का गठन किया है। कमेटी में अपराध अनुसंधान विभाग के सचिव अनिल कुमार और एडीजी जोन कानपुर नगर भानु भास्कर को शामिल किया गया है।
इरादतन तो नहीं दौड़ाई मौत की बस
कमेटी दो दिन में जांच रिपोर्ट शासन को सौंपेगी। रिपोर्ट के आधार पर शासन कार्रवाई तय करेगा। इसकी जद में कई अधिकारी भी आ सकते हैं। कमेटी की जांच का यह अहम बिंदु होगा कि चालक ने कहीं इरादतन तो ऐसा नहीं किया।
घंटाघर चौराहे से टाटमिल की तरफ जाने वाली एक ई-बस ने रविवार रात आधा दर्जन वाहनों में टक्कर मारते हुए 15 लोगों को चपेट में ले लिया था। इसमें छह लोगों की मौत हो गई थी। घायलों में कई की हालत गंभीर बनी हुई है। हादसे में मोहम्मद अर्सलान (21), सुनील उर्फ ट्विंकल सोनकर (30), शुभम सोनकर (24), रमेश कुमार यादव (46), अजीत कुमार (62) व कैलाश (48) की मौत हो गई थी।
पुलिस ने चालक पर दर्ज किया हत्या का केस
रेलबाजार पुलिस ने मृतक के परिजनों की तहरीर पर चालक सतेंद्र सिंह यादव पर हत्या, हत्या का प्रयास, लापरवाही से गाड़ी चलाने समेत अन्य गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। सतेंद्र सिंह मूलरूप से कानपुर देहात के गजनेर थाना क्षेत्र स्थित रघुनाथपुर गांव का रहने वाला है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए चालक के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है। फोरेंसिक टीम घटनास्थल व बस से साक्ष्य जुटाएगी। कमिश्नरी स्तर पर भी टीम गठित कर जांच कराई जाएगी। जो दोषी होंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
- आनंद प्रकाश तिवारी, ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर कानून-व्यवस्था