बदहवास हालत में घर लौटी किशोरी
आसपास पता किया, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला। शनिवार को बेटी बदहवास हालत में घर लौटी। उसके शरीर पर चोट के निशान थे। पूछने पर उसने बताया कि कुछ समय पूर्व मोतीझील के कारगिल पार्क में उसकी मुलाकात अरमान नाम के युवक से हुई थी।
मुस्लिम क्षेत्र स्थित अपने घर ले गए
दोनों में दोस्ती हो गई। अरमान ने 21 जून को उसे मिलने के लिए नमक फैक्ट्री चौराहे पर बुलाया। वहां पहुंचने पर अरमान और उसके दो साथी कार में थे। किशोरी को कार से पहले मोतीझील ले जाया गया। अचानक अरमान के बर्ताव में बदलाव आ गया। किशोरी ने घर छोड़ने को कहा, लेकिन वह मुस्लिम क्षेत्र स्थित अपने घर ले गए।
उर्दू लिखे कागज में हस्ताक्षर कराए
आरोप है कि वहां उसके माता-पिता ने कलमा पढ़ाने का प्रयास करने लगे, इसके बाद किसी उर्दू लिखे कागज में हस्ताक्षर कराए। उस पर गोमांस खिलाने का दबाव बनाया। विरोध पर आरोपियों ने गर्म चिमटे से शरीर पर दागा। जिसके निशान अभी भी मौजूद हैं।
साऊदी अरब में बेचने की धमकी दी
किशोरी ने आरोप लगाया कि युवक व उसके परिजन बात न मानने पर सात दिनों तक यातनाएं देते रहे। आरोपी बात न मानने पर साऊदी अरब में बेचने की बात कह धमकाते थे।
प्राथमिक जांच में दोनों के पूर्व में परिचित होने की बात सामने आई है। किशोरी के पिता की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। -एसएम कासिम आबिदी, डीसीपी पश्चिम