फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kanpur: अग्रवाल ब्रदर्स के मालिक विनोद अग्रवाल की पांच संपत्तियां फ्रीज, वाराणसी कमिश्नरी पुलिस ने की कार्रवाई

Thu, 12 Feb 2026 09:15 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

वाराणसी कमिश्नरी पुलिस ने सिविल लाइंस, बिरहाना रोड, जाजमऊ और दहेली सुजानपुर में कार्रवाई की। कोडीनयुक्त कफ सिरप, नशीली दवाओं के कारोबार करने के आरोप में विनोद अग्रवाल कानपुर जेल में है।
विज्ञापन
अग्रवाल ब्रदर्स के मालिक की संपत्तियों पर हुई कार्रवाई - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

वाराणसी कमिश्नरी पुलिस ने गुरुवार को कोडीनयुक्त कफ सिरप और नशीली दवाओं के कारोबार करने के आरोपी विनोद अग्रवाल की शहर में पांच संपत्तियाें को फ्रीज किया। यह संपत्तियां सिविल लाइंस, बिरहाना रोड, जाजमऊ और दहेली सुजानपुर में हैं। बैंक खातों और संपत्तियों की अनुमानित कीमत करीब 5.25 करोड़ है। वाराणसी से एसीपी डॉ. विद्युत सक्सेना, थानाध्यक्ष पंकज त्रिपाठी और उनके साथ कानपुर कमिश्नरी का फोर्स रहा। पुलिसकर्मियों ने संपत्ति को फ्रीज होने का पोस्टर भी चस्पा किया है।
विज्ञापन


खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने 11 नवंबर 2025 को बिरहाना रोड दवा मार्केट, फीलखाना और कलक्टरगंज में छापा मारा था। वहां कोडीनयुक्त कफ सिरप और अन्य नशीली दवाओं की बिक्री होने की आशंका थी। कलक्टरगंज पुलिस ने अग्रवाल ब्रदर्स के संचालक विनोद अग्रवाल, बेटा शिवम अग्रवाल और पत्नी सविता अग्रवाल के खिलाफ विभिन्न धाराओं में एफआईआर कराई थी। क्राइम ब्रांच ने 25 जनवरी 2026 को विनोद अग्रवाल को हरियाणा से गिरफ्तार जेल भेजा। विनोद के खिलाफ वाराणसी के सारनाथ थाने में एफआईआर थी। पिछले दिनों सारनाथ थाने की पुलिस उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ कर चुकी है। आरोपी की पत्नी और बेटे की तलाश जारी है।

अग्रवाल ब्रदर्स के मालिक की संपत्तियों पर हुई कार्रवाई - फोटो : अमर उजाला
फर्मों ने आपस में ही ट्रांसफर किए थे कराेड़ों रुपये
एसीपी डॉ. विद्युत सक्सेना के मुताबिक कोडीनयुक्त कफ सिरप और नशीली दवाओं के कारोबार करने में सारनाथ थाने में एफआईआर लिखी है। यह कार्रवाई सारनाथ की पीडी फार्मा और प्रयागराज के एमके हेल्थकेयर के खिलाफ हुई थी। संचालकों को गिरफ्तार किया गया था। प्रारंभिक जांच में दोनों फर्मों को कफ सिरप सुपर स्टॉकिस्ट अग्रवाल ब्रदर्स की ओर से दिए जाने की जानकारी हुई। बिल और स्टॉक की और पड़ताल करने पर चौंकाने वाले तथ्य सामने मिले। पीडी फार्मा ने 10 करोड़ रुपये एमके हेल्थकेयर को दिए जबकि एमके हेल्थकेयर ने छह करोड़ रुपये अग्रवाल ब्रदर्स के खाते में ट्रांसफर किए। इन रुपयों के बदले केवल 90 हजार कोडीनयुक्त सिरप लिए जाने की जानकारी हुई। ऐसे में मनी लॉडि्रंग की आशंका है। रुपये आपस में ही ट्रांसफर किए गए हैं। बिल और फर्में भी फर्जी होने की आशंका है। अग्रवाल ब्रदर्स का मालिक विनोद अग्रवाल है।
विज्ञापन

पत्नी और बेटे के नाम मिली संपत्तियां
सारनाथ थानाध्यक्ष पंकज कुमार त्रिपाठी ने बताया कि पांचों संपत्तियां विनोद अग्रवाल के अलावा पत्नी और बेटे के नाम पर हैं। एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत पांचों संपत्तियों को फ्रीज किया गया है। इन संपत्तियों को सीज करने के लिए भी पत्राचार किया जा रहा है। सिविल लाइंस के गोपाल विहार में 222.40 वर्ग मीटर और 130.03 वर्ग मीटर के दो प्लॉट फ्रीज किए गए हैं। बिरहाना रोड, श्यामनगर में मधुवन पार्क के सामने और जाजमऊ में एमरॉल्ड गुलिस्तां के पास खाली प्लॉट को फ्रीज किया गया। उसके खाते में 37 लाख रुपये मिले हैं। नकद राशि और सभी प्लॉट को मिलाकर अनुमानित कीमत 5.25 करोड़ है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें