शादी अनुदान और राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना में 7.26 करोड़ रुपये के घोटाले की जांच में दोषी पाए गए जिला समाज कल्याण अधिकारी अमरजीत सिंह को शासन ने निलंबित कर दिया है। प्रमुख सचिव, समाज कल्याण के. रविंद्र नायक की ओर से जारी आदेश के मुताबिक, अमरजीत सिंह को निलंबन अवधि में समाज कल्याण निदेशालय से संबद्ध किया गया है।
शासन से जारी निलंबन आदेश में कहा गया है कि अमरजीत सिंह ने दोनों योजनाओं में अपात्रों को लाभ पहुंचाकर सरकारी धन का दुरुपयोग किया। अधीनस्थ कर्मचारियों के साथ अनुचित व्यवहार के साथ-साथ आहरण-वितरण अधिकारी के रूप में वित्तीय नियमों की भी अनदेखी की। जिलाधिकारी आलोक तिवारी ने गुरुवार को अमरजीत सिंह के निलंबन की सिफारिश की थी।
दोनों योजनाओं के अलावा अमरजीत सिंह अधीनस्थों के उत्पीड़न के मामले में भी दोषी पाए गए थे। घोटाले की जांच में समाज कल्याण विभाग में शादी अनुदान का पटल देख रहे लिपिक शिवगोविंद और पारिवारिक लाभ के प्रभारी प्रेमशरण दोषी पाए गए हैं। सूत्रों के मुताबिक, जल्द ही इन दोनों लिपिकों पर भी कार्रवाई हो सकती है।