कानपुर देहात। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के आगमन को लेकर पैतृक गांव परौंख को चमकाने का काम तेज हो गया है। जल्द ही गांव में 24 घंटे साढ़े बारह मीटर की ऊंचाई पर तिरंगा लहराता दिखाई देगा। अमृत सरोवर गेट के पास ही अशोक स्तंभ लगाया जाएगा। गांव के 294 घरों की बाहरी दीवारों में सरकारी खर्च से रंगाई पुताई कराई जा रही है।
परौंख में तीन जून को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगमन को देखते हुए अधिकारी गांव को चमकाने में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहते हैं। डेरापुर की तरफ से गांव के अंदर आने वाले मार्ग पर आबादी से पहले साढ़े चार बीघे का बंदी तालाब है। इसे 50 लाख रुपये से अमृत सरोवर बनाया जा रहा है। इसके चारो ओर साढ़े चार एमएम की लोहे की जाली लगाई जा रही है।
इसके लिए लोहे के एंगल लगाए जा रहे हैं। तालाब के चारो ओर इंटरलाकिंग कर पाथ-वे बनाया जा रहा है। वहीं किनारों पर दो घाट बनाए जाएंगे। अंदर जाने के लिए आबादी तरफ एक गेट होगा। उसके पास अशोक स्तंभ लगेगा। इसे राजस्थान प्रांत से मंगा कर रख लिया गया है। स्तंभ के पास में ही साढ़े बारह मीटर की ऊंचाई पर 24 घंटे तिरंगा लहराएगा।
उधर, राष्ट्रपति के आगमन का कार्यक्रम तय होने के बाद अफसरों के निरीक्षण में परौंख गांव में 294 घर ऐसे मिले जिनमें वर्षों से रंगाई पुताई नहीं कराई गई थी। मार्ग किनारे घर होने से गंदी दीवारें दिख रही थीं। अफसरों ने इन घरों की पुताई कराने की बात मकान मालिकों से की तो उन्होंने हाथ खड़े कर दिए।
इस पर प्रशासन ने सरकारी खर्च से पुताई का काम शुरू कराया। राष्ट्रपति के आगमन से पहले सभी घरों की बाहरी दीवारें अब नए रंग में नजर आएंगी। दीवारों में स्वच्छता को लेकर पेंटिंग भी कराई गई है। उधर, डीएम से लेकर मुख्य सचिव तक गांव की हर स्थिति पर नजर रखे हैं। डीपीआरओ समेत कई अफसर परौंख में ही डेरा डाले हैं।
10 जोड़ी कुर्ता-पाजामा व 30 सदरी की जा रहीं तैयार
सिलाई सीखने वाली युवतियों से दस जोड़ी कुर्ता पाजामा व 30 सदरी तैयार कराई जा रही हैं। सदरी का रंग भगवा रहेगा। बीओबी आरसिटी के डायरेक्टर गोपाल कृष्ण ने बताया कि इसके लिए कपड़ा उपलब्ध कराया गया है। सिलाई का काम चल रहा है। सदरी व कुर्ता पाजामा खास अतिथियों को भेंट में दी जाएंगी।