साथ ही गांव आने पर हाथ काटने की धमकी भी दी। थाने लौटकर थानाध्यक्ष को पूरा घटनाक्रम बताते हुए तहरीर दी। वहीं, घटना के 48 घंटे बीत जाने के बाद भी उनकी रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई। मामले की शिकायत उन्होंने आला अफसरों से की है। वहीं आरोपियों का कहना है कि वह लोग शराब नहीं शीतल पेय पी रहे थे।
दरोगा और सिपाही ने उन लोगों के साथ मारपीट की है। इधर, थानाध्यक्ष शैलेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि दरोगा और सिपाही से बदसलूकी करने के आरोपी निजामतपुर के गोलू और पुष्पेंद्र के खिलाफ शांतिभंग की धारा 151 के तहत कार्रवाई की गई है। दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है।