कानपुर देहात। अमरौधा ब्लॉक के करौंधिया नाला में दो मगरमच्छ देखे गए हैं। इधर पथार गांव के एक चरवाहे के सामने मगरमच्छ नाले किनारे पानी पी रहे बकरे तो खींच ले गया। इससे लोग अधिक डरे हैं। मगरमच्छ के बकरा खींच लेने की सूचना के बाद वनकर्मी मौके पर पहुंचे और पड़ताल की।
पथार गांव के पास से करौंधिया नाला निकला है। यह नाला यमुना में गिरता है। नाला के पास खेतों में काम करने जाने वाले किसानों व चरवाहनों ने शुक्रवार को दो मगरमच्छ देखे थे। इसके बाद से लोग डरे हैं। छोटे बच्चों को नाले के पास खेत में जाने से रोका गया है। हालांकि चरवाहे मवेशियों को चराने नाले के किनारे ले जा रहे थे।
शनिवार शाम को पथार गांव निवासी शिवनाथ बकरियां चराने गया था। एक बकरा प्यास लगने पर नाले के पास पहुंच गया। जहां मगरमच्छ उसे नाले में खींच ले गया। इससे डरा शिवनाथ अन्य बकरियों को खदेड़ कर घर पहुंचा। उसने परिजनों को इसकी जानकारी दी। इस घटनाक्रम के बाद लोग नाले के किनारे हरा चारा लेने जाने से बच रहे हैं।
कई किसान झुंड में नाले के पास लगे खेत में काम करने जा रहे हैं। इधर शिवनाथ की बहन निशा देवी ने एसडीएम भोगनीपुर को शनिवार को प्रार्थना पत्र देकर बताया कि दो मगरमच्छ नाले में देखे गए हैं। उसका बकरा एक मगरमच्छ खींच ले गया है।
वहीं सूचना पर वनकर्मी भी हरकत में आए हैं। वन दरोगा रामचंद्र व वाचर वीरेंद्र यादव व राकेश शनिवार की दोपहर बाद करौंधिया नाला के पास पहुंचे। वहां मृत बकरे के अवशेष उतराते मिले। वन दरोगा रामचंद्र ने बताया कि ग्रामीणों ने दो मगरमच्छ देखने की पुष्टि की है। फिलहाल जानवर और बच्चों को नाले के किनारे जाने से रोका गया है। भोगनीपुर वन रेंजर छेदालाल ने बताया कि नाले में मगरमच्छ के आश्रय को चिह्नित कर उन्हें पकड़ा जाएगा।