सरवनखेड़ा (कानपुर देहात)। जिगनी पुरवा गांव में पति से विवाद के बाद पत्नी मायके चली गई। इससे दुखी ट्रांसपोर्टर ने घर के अंदर पंखे के सहारे फांसी लगाकर जान दे दी।
कप्तान सिंह (35) अपनी डीसीएम व लोडर से चकरपुर मंडी से सामान भेजने का काम करता था। शुक्रवार को उसका पत्नी सीता से किसी मामले को लेकर विवाद हो गया था। इस पर पत्नी ने फोन कर अपने पिता गोपाल निवासी किरतपुर जिला हमीरपुर को बुला लिया। शाम को पिता के साथ मायके चली गई थी। शनिवार सुबह युवक ने पत्नी को फोन मिलाया। फोन तीन वर्षीय बेटी कशिश ने उठाया। उससे पत्नी से बात कराने को कहा, लेकिन बात नहीं हुई। इसी बात से क्षुब्ध होकर कप्तान ने घर में कमरे के कुंडे से रस्सी के सहारे फांसी लगा ली। उस समय मां छत पर बने कमरे की सफाई कर रही थी और पिता संतोष सिंह खेत पर गए थे।
मां जब नीचे आई तो बेटे को फांसी पर लटके देखा और शोर मचाया। कप्तान सिंह मां-बाप का इकलौता बेटा था। बहन मंजू की शादी हो चुकी है। मृतक की पत्नी और बेटी गांव पहुंचे। सभी शव पर रोते-बिलखते रहे। थानाध्यक्ष समर बहादुर यादव ने बताया कि परिजनों ने पत्नी से विवाद के बाद युवक के फांसी लगाकर जान देना बताया है।