आरोपियों ने जान से मरवा देने की धमकी दी
इसी तरह, रामकृष्ण, रामऔतार और रामपाल जैसे अन्य लोगों को भी प्रलोभन देकर धर्म परिवर्तन कराया गया। रामकिशन को 10000 रुपये प्रति माह और रामऔतार व रामपाल को 6000 रुपये प्रति माह दिया जाने लगा। प्रार्थना सभाओं में आने वाले लोगों को 200 रुपये भी दिए जाते थे। धर्मांतरण की जानकारी होने पर उसने इस संबंध में डेनियल, हरिओम और सावित्री से बात की तो उन्हें धमकाया गया। आरोपियों ने जान से मरवा देने की धमकी दी और अब तक प्राप्त रुपये दुगने करके वापस करने का दबाव भी बनाया।
अनुसूचित जाति को निशाना बनाने का आरोप
रामभरोसे ने पुलिस को यह भी बताया गया है कि डेनियल शरद सिंह, हरिओम त्यागी और सावित्री शर्मा गरीब लोगों को नवाकांती सोसाइटी से जोड़कर उन्हें प्रलोभन देकर ईसाई धर्म में परिवर्तित कराते हैं। विशेष रूप से अनुसूचित जाति के लोगों को निशाना बनाया जा रहा है, जिन्हें प्रलोभन देकर सामूहिक रूप से धर्म परिवर्तन कराया जाता है। आरोप है कि इस कार्य के लिए संस्था को देश-विदेश से धन प्राप्त होता है। रामभरोसे ने बताया कि डेनियल शरद सिंह मैनेजर है, लेकिन उन्हें शक है कि वे किसी व्यक्ति के अधीन काम करते हैं, जो विदेश से धन प्राप्त करने और प्रलोभन हेतु धन उपलब्ध कराने में मदद करता है।
एसपी के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर तीन लोगों से पूछताछ की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके हिसाब से कार्रवाई की जाएगी। -हरमीत सिंह, थानाध्यक्ष अकबरपुर