आरोप एक, कार्रवाई में खेल
जिन दो आरोपियों को जेल भेजा है उन पर व सिपाही रमेश पर एक ही आरोप हैं। एक ही एफआईआर में ये सभी आरोपी हैं। मगर सिपाही को जेल नहीं भेजा गया है। सिर्फ लाइन हाजिर किया गया। जिसके बाद वह चुनाव ड्यूटी के लिए रवाना हो गया। पुलिस अफसरों का कहना है कि सिपाही की भूमिका पहले जांची जाएगी। उसके बाद उस पर कार्रवाई होगी। केवल लाइन हाजिर कर उसको बचाने का खेल अभी से शुरू हो गया है।
बदला लेने पहुंचे थे आरोपी
पुलिस की जांच और आरोपी अभिनव से पूछताछ में सामने आया कि जब 17 जनवरी को कोचिंग में विवाद हुआ था तो आर्यन के साथियों ने उसको पीट दिया था। उस वक्त अभिनव कुछ नहीं कर सका था। इसलिए उसने परिजनों को पूरा मामला बताकर एक तरह से उससे बदला लेने के लिए उसके घर पहुंचा था। सिपाही परिचित था। इसलिए वह भी आर्यन को पीटने व धमकाने पहुंच गया।