सपा विधायक अमिताभ ने वाजपेई ने कहा कि विरोध का सबको हक है। इसलिए चापलूसी बंद करो। कहा कि पार्षदों से 17 गुना ज्यादा मतदाताओं के बीच से चुनकर आए हैं और जिम्मेदारी निभाने के लिए सदन में हैं। नहीं तो यहां रुकते नहीं।
बैठक का संचालन पीठ नहीं, पार्षद कर रहे
हंगामे के बीच विधायकों ने कहा कि सदन की कार्यवाही का संचालन पीठ नहीं कर रही बल्कि पार्षद कर रहे हैं। इस पर महापौर की कांग्रेस व सपा पार्षदों, विधायकों से बहस हो गई। महापौर ने सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी। आधा घंटे बाद जब कार्यवाही शुरू हुई, तो महापौर ने सभी पक्षों को बिना विवाद बात कहने को कहा। हालांकि बीचबीच में नोकझोंक होती रही, लेकिन अंत में बजट पास हो गया।
धनकुट्टी अस्पताल को बनाने के लिए विधायक ने दिया प्रस्ताव
घंटाघर के नजदीक धनकुट्टी अस्पताल को फिर से खड़ा करने के लिए सपा विधायक अमिताभ वाजपेयी ने प्रस्ताव रखा। कहा कि इसे बनाने का विचार नगर निगम करे तो वह विधायक निधि से बजट का प्रबंध करा देंगे। इसके अलावा सपा विधायक मोहम्मद हसन रूमी और वाजपेयी ने शहर में पेयजल संकट को दूर करने के लिए ठोस कदम उठाने पर जोर दिया। कहा कि पार्षदों की एक कमेटी बनाई जाए, जो लगातार निगरानी करे कि पानी की कितनी सप्लाई बैराज से हो रही और कितनी आपूर्ति जलकल विभाग कर रहा है।
इसके अलावा सीवेज चोक होने की परेशानी दूर करने के लिए छोटी मशीनों को खरीदने का सुझाव दिया। महापौर ने कहा कि सुझाव अच्छे हैं, पर जब परमट के पास विकास होना था तो उन्हें पूछा नहीं गया। हालांकि विधायक वाजपेयी ने जब कहा कि उसे पर्यटन क्षेत्र के तौर पर विकसित करने के लिए योगी सरकार ने ही 50 लाख रुपये दिए थे और सीएम ने उद्घाटन भी किया।
प्लाट की घोषण से खिले पार्षदों के चेहरे
स्थगन के बाद जब सदन दोबारा शुरू हुआ, तो महापौर ने पार्षदों को दो सौगात दे दी। पहले सभी वार्ड में विकास के लिए 25-25 लाख रुपये देने का एलान किया। फिर महाबलीपुरम में 25 एकड़ जमीन पर पार्षदों के लिए सर्किल रेट के हिसाब से 75.75 गज के प्लौट देने की घोषणा की। पार्षद इन दोनों घोषणाओं से ऐसा खुश हुए कि प्रस्तावों पर चर्चा करना ही भूल गए और सभी प्रस्ताव बिना चर्चा पास हो गए।