फर्जी फर्म बना 64.44 करोड़ का लेनदेन कर डाला
उनके बैंक खाते खुलावाए। ऐसे ही करीब 68 खातों में सवा दो साल में 1600 करोड़ का लेन- देन किया गया। जांच में सामने आया कि आरोपियों ने आरती इंटरप्राइजेज नामक फर्म के खाते में 100 करोड़ का लेनदेन किया जबकि फर्म की मालिक आरती ने बीमा कराने के नाम पर उनके दस्तावेज लिए जाने की बात कही। ऐसे ही शहनवाज को भी बीमा कराने का झांसा देकर आधार ले लिया। इससे फर्जी फर्म बना 64.44 करोड़ का लेनदेन कर डाला। पेंटर निखिल के खाते से फर्म बना करोड़ों का लेनदेन किया।
आरोपी पिता- पुत्र की गिरफ्तारी की गई
उजागर होने के बाद से क्राइम ब्रांच व पूर्वी जोन की पुलिस उसकी तलाश कर रही थी लेकिन सुराग नहीं लग रहा था। डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता ने बताया ने कि महताब और उसके बेटे ने गरीब लोगों के बैंक खातों को अपने फायदे के लिए खुलवाकर इस्तेमाल किया है। जिनके नाम से खाते खोले गए थे उन लोगों को इसके बारे में जानकारी ही नहीं थी। पता चलने पर ऐसे लोगों ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद आरोपी पिता- पुत्र की गिरफ्तारी की गई है।
बरगलाकर लिए दस्तावेज से महफूज ने खोले बैंक खाते
श्यामनगर में लूट के खुलासे के बाद 68 बैंक खातों में 1600 करोड़ के लेनदेन का खुलासा होने के बाद से फरार महफूज पर रविवार को दो रिपोर्ट दर्ज हुई हैं। इनमें से एक स्क्रैप कारोबारी ने चकेरी थाने में और एक युवती ने जाजमऊ थाने में दर्ज कराई है। दोनों के आरोप हैं कि महफूज और उसके परिजन ने उन्हें बरगलाकर दस्तावेज ले बैंक खाते खोले । उनमें करोड़ों रुपये का लेनदेन किया।
फर्जी फर्म मां विंध्यवासिनी इंटरप्राइजेज खुलवाई
चकेरी के न्यू आजादनगर शिवपुरम निवासी अजय शुक्ला इलेक्ट्रानिक स्क्रैप कारोबारी हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि करीब दो साल पहले उनके रिश्तेदार गोपाल नगर निवासी नितिन ने व्यापार बढ़ाने का झांसा देकर उनकी मुलाकात महफूज आलम से कराई। महफूज ने काम बढ़ाने की बात कह फर्म का रजिस्ट्रेशन कराने व खाता खुलवाने की बात कही। महफूज ने उनके नाम से फर्जी फर्म मां विंध्यवासिनी इंटरप्राइजेज खुलवाई।
धमकाकर चेक पर हस्ताक्षर करवा लिए
श्यामनगर की एक्सिस बैंक में खाता भी खुलवाया। उसने चेकबुक और डेबिट कार्ड अपने पास रख लिए। संदेह होने पर चेकबुक और डेबिट कार्ड वापस मांगे, तो महफूज ने उन्हें श्यामनगर बुलाया और कार में बैठा लिया। कार में महफूज के अलावा उसका बेटा फैज, नितिन व अन्य लोगों ने डरा धमकाकर चेक पर हस्ताक्षर करवा लिए। आरोप है कि उनकी एक नई कार भी हड़प ली गई।
भाई को जान से मार देने की धमकी देते रहे
वहीं, जाजमऊ के सरैयां निवासी अल्फिशा की ओर से दर्ज रिपोर्ट में आरोप लगाया है कि महफूज ने मुफ्त इलाज के नाम पर बीमा कार्ड बनवाने का झांसा दिया। उसने उनके व भाई के दस्तावेज से बैंक में खाते खुलवाए। फर्जी फर्म बनाकर जीएसटी नंबर भी ले लिया। जबरन उनसे चेकों पर हस्ताक्षर कराए और आरोपी उन्हें व उनके भाई को जान से मार देने की धमकी देते रहे। अल्फिशा ने महफूज, उसकी पत्नी सायरा, साले महताब, साले के बेटे मासूम समेत दो बैंक कर्मियों के खिलाफ भी जाजमऊ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि महफूज पर दो और रिपोर्ट दर्ज की गई हैं।