कानपुर जीटी रोड स्थित प्रादेशिक सेवायोजन कार्यालय में शनिवार को रोजगार मेले का आयोजन किया गया। बड़ी कंपनियों के न आने, वेतन-मानदेय कम होने से अभ्यर्थियों का रुझान कम रहा। 1572 युवाओं के लिए नौकरियां थीं पर केवल 1248 आवेदक ही यहां पहुंचे।
248 अभ्यर्थियों को नौकरी मिली। तीन कंपनियां नहीं आईं। उन्होंने आवेदकों के ऑनलाइन साक्षात्कार करके रिजल्ट जारी करने की बात कही है। मेले की शुरुआत उप्र कामगार और श्रमिक सेवायोजन एवं रोजगार आयोग के सदस्य प्रबल प्रताप सिंह ने की।
सहायक रोजगार सहायता अधिकारी इतिशा जैन ने बताया कि श्रेया इंटरप्राइजेज ने सात, शिवशक्ति बायोटेक्नोलॉजीज ने 14, शिवांगनी लॉजिस्टिक ने 42, एसबीआई लाइफ ने 40, सायनर्जी कंसल्टेंट लिमिटेड ने 20, पुखराज हेल्थ केयर ने 21, प्रीविलेज पीपुल्स ने 84 और तिकोना इंफीनेट ने 19 प्रतिभागियों का चयन किया है।
चयनितों को 8500 से 12 हजार रुपये वेतन या मानदेय दिया जाएगा। वहीं, मेले में कानपुर व लखनऊ मंडल के डिप्टी डायरेक्टर आरएस भारती, सहायक निदेशक सेवायोजन एसपी द्विवेदी, आदर्श कुमार, अजय शुक्ला, वीरेंद्र कुमार, कार्तिकेय आदि मौजूद रहे।
दूसरे शहर जाने के लिए भी तैयार
कोरोना के चलते नौकरी गंवाने वाले शहर से दूर की भी नौकरी करने को तैयार थे। इसमें कई महिला अभ्यर्थी भी थीं। लखनऊ, नोएडा की कंपनियों के लिए तमाम लोगों ने आवेदन किया था। वहीं, अपने विषय में जानकारी न होने के कारण तमाम युवा नौकरी पाने से वंचित रह गए। कई अभ्यर्थी जो आईटीआई पास थे, पुर्जों के नाम या उनके काम की जानकारी नहीं दे पाए।